29 जून 2026 : हरियाणा के रोहतक में प्रशासन ने उत्पीड़न रोकथाम कानून को प्रभावी तरीके से लागू करने के लिए एक अधिकारी की नियुक्ति की है। इस कदम का उद्देश्य कार्यस्थलों पर महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना और शिकायतों के समाधान की प्रक्रिया को मजबूत बनाना है।
अधिकारियों के अनुसार, नियुक्त अधिकारी संबंधित विभागों और संस्थानों में कानून के पालन की निगरानी करेंगे। साथ ही शिकायतों से जुड़े मामलों में आवश्यक कार्रवाई और जागरूकता को बढ़ावा दिया जाएगा।
शिकायत निवारण व्यवस्था पर जोर
उत्पीड़न रोकने के लिए बनाए गए कानूनों के तहत संस्थानों में आंतरिक शिकायत समितियों (Internal Committees) की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। इन समितियों का काम शिकायतें प्राप्त करना, जांच प्रक्रिया पूरी करना और उचित कार्रवाई की सिफारिश करना होता है।
प्रशासन का कहना है कि महिलाओं को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना प्राथमिकता है और नियमों का पालन नहीं करने वाले संस्थानों पर कार्रवाई की जा सकती है।
जागरूकता बढ़ाने की योजना
रोहतक प्रशासन ने यह भी संकेत दिया है कि सरकारी कार्यालयों और संस्थानों में कानून से जुड़ी जानकारी पहुंचाने के लिए जागरूकता कार्यक्रमों पर ध्यान दिया जाएगा। इसका उद्देश्य कर्मचारियों को उनके अधिकारों और जिम्मेदारियों के बारे में जानकारी देना है।
सुरक्षित कार्यस्थल की दिशा में कदम
कार्यस्थल पर सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करने के लिए ऐसे कदमों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रशासन का कहना है कि प्रभावी निगरानी और शिकायतों के समय पर समाधान से बेहतर माहौल बनाया जा सकता है।
