31 अगस्त 2026 : पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने हरियाणा सरकार के कर्मचारियों के विदेश यात्रा पर लगाए गए blanket ban को रद्द कर दिया है। अदालत के इस फैसले से सरकारी कर्मचारियों को विदेश जाने के मामलों में राहत मिलने की उम्मीद है।
कर्मचारियों के विदेश जाने पर लगी थी रोक
हरियाणा सरकार के कर्मचारियों के विदेश यात्रा करने को लेकर व्यापक प्रतिबंध लगाया गया था। इस नीति के कारण कर्मचारियों को निजी या अन्य कारणों से विदेश जाने के लिए कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था।
मामला हाईकोर्ट के सामने पहुंचने के बाद अदालत ने सरकार की ओर से लगाए गए व्यापक प्रतिबंध की समीक्षा की।
हाईकोर्ट ने blanket ban किया खारिज
हाईकोर्ट ने सरकार के कर्मचारियों पर विदेश यात्रा को लेकर लगाए गए सामान्य और व्यापक प्रतिबंध को उचित नहीं माना और इसे हटाने का आदेश दिया।
अदालत के फैसले के बाद अब कर्मचारियों की विदेश यात्रा पर केवल एक blanket ban के आधार पर रोक नहीं लगाई जा सकेगी।
हर मामले को अलग-अलग देखना होगा
अदालत के फैसले का मतलब यह नहीं है कि सरकारी कर्मचारी बिना किसी अनुमति के विदेश जा सकेंगे। संबंधित सेवा नियमों और विभागीय अनुमति की प्रक्रिया का पालन करना होगा।
विदेश यात्रा से जुड़े प्रत्येक मामले पर लागू नियमों के अनुसार विचार किया जा सकता है।
कर्मचारियों को मिली राहत
हाईकोर्ट के फैसले से उन सरकारी कर्मचारियों को राहत मिलेगी जिन्हें विदेश यात्रा के लिए अनुमति लेने में व्यापक प्रतिबंध के कारण परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
अब सरकार और संबंधित विभागों को कर्मचारियों के मामलों पर नियमों के अनुसार निर्णय लेना होगा।
प्रशासनिक नियमों और अधिकारों के बीच संतुलन
अदालत का यह फैसला सरकारी कर्मचारियों के सेवा अधिकारों और प्रशासनिक नियंत्रण के बीच संतुलन के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सरकार कर्मचारियों पर आवश्यक सेवा नियम लागू कर सकती है, लेकिन सभी कर्मचारियों पर एक समान व्यापक रोक लगाने के लिए उचित आधार जरूरी होगा।
कुल मिलाकर, पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने हरियाणा सरकार के कर्मचारियों की विदेश यात्रा पर लगाए गए blanket ban को हटा दिया है। हालांकि, कर्मचारियों को विदेश जाने के लिए लागू सेवा नियमों और विभागीय अनुमति की प्रक्रिया का पालन करना होगा।
