21 अगस्त 2026 : मुंबई की एक लोकल ट्रेन में सीट को लेकर हुए विवाद ने 62 वर्षीय दिव्यांग यात्री की जान ले ली। चर्चगेट-बोरीवली लोकल के दिव्यांग डिब्बे में माहिम और बांद्रा के बीच एक सहयात्री ने कथित तौर पर बुजुर्ग को चलती ट्रेन से नीचे धक्का दे दिया। गंभीर रूप से घायल यात्री की इलाज के दौरान मौत हो गई।
सीट को लेकर हुआ विवाद
मृतक की पहचान केजिटन पाल डेनिस पिरीस (62) के रूप में हुई है। घटना दिव्यांग यात्रियों के लिए आरक्षित डिब्बे में हुई। बताया जा रहा है कि सीट को लेकर पिरीस और एक अन्य यात्री के बीच विवाद हुआ, जिसके बाद मामला धक्का-मुक्की तक पहुंच गया।
चलती ट्रेन से नीचे गिरे
विवाद के दौरान पिरीस को कथित तौर पर चलती लोकल से नीचे धक्का दे दिया गया। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तत्काल बांद्रा पश्चिम स्थित भाभा अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
आरोपी ने दी अलग कहानी
मामले में 48 वर्षीय अमजद सफरुद्दीन शेख को बांद्रा रेलवे पुलिस ने हिरासत में लिया है। रिपोर्टों के अनुसार, आरोपी ने पुलिस के सामने दावा किया कि उसने बुजुर्ग को जानबूझकर नहीं धक्का दिया, बल्कि कौवे को भगाने के दौरान गलती से धक्का लग गया। पुलिस अब उसके दावे और प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों की जांच कर रही है।
रेलवे पुलिस ने दर्ज किया मामला
बांद्रा रेलवे पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे हिरासत में लिया है। पुलिस घटना के पूरे क्रम, सीट को लेकर हुए विवाद और आरोपी के बयान की जांच कर रही है। इस घटना ने एक बार फिर मुंबई लोकल ट्रेनों में यात्रियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
मुंबई लोकल में सुरक्षा पर सवाल
मुंबई की लोकल ट्रेनें रोजाना लाखों यात्रियों के लिए जीवनरेखा हैं। ऐसे में चलती ट्रेन में मामूली विवाद का इतना गंभीर रूप लेना चिंता का विषय है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि वास्तव में धक्का कैसे लगा और आरोपी का ‘कौवा भगाने’ वाला दावा कितना सही है।
