15 सितंबर, 2026 हरियाणा सरकार ने सफाई कर्मचारियों और सीवरमैन के लिए बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने सेवा नियमों में संशोधन करते हुए नगर निगमों में काम करने वाले सफाई कर्मचारियों और सीवरमैन के लिए क्लर्क के पद पर पदोन्नति का रास्ता खोल दिया है। इस फैसले से लंबे समय से अपने करियर में आगे बढ़ने के अवसर की उम्मीद कर रहे कर्मचारियों को राहत मिलने की संभावना है।
सरकार की ओर से यह बदलाव नगर निगमों में लागू सेवा नियमों में किया गया है। इससे अब पात्र सफाई कर्मचारी और सीवरमैन अपनी सेवा के दौरान क्लर्क पद तक पहुंचने का अवसर प्राप्त कर सकेंगे।
सेवा नियमों में किया गया संशोधन
हरियाणा सरकार ने सोमवार को सफाई कर्मचारियों और सीवरमैन को क्लर्क के पद पर पदोन्नत करने की अनुमति देने के लिए सेवा नियमों में संशोधन किया। यह संशोधन हरियाणा म्युनिसिपल कॉरपोरेशन एम्प्लॉइज (Recruitment and Conditions) सर्विस रूल्स, 1998 में किया गया है।
इन नियमों को 14 सितंबर को शहरी स्थानीय निकाय विभाग के आयुक्त एवं सचिव अशोक मीणा की ओर से अधिसूचित किया गया। नए प्रावधान के बाद नगर निगमों में काम करने वाले संबंधित कर्मचारियों के लिए विभागीय स्तर पर आगे बढ़ने का अवसर उपलब्ध होगा।
37 दिन की हड़ताल के बाद सरकार ने मानी मांग
सफाई कर्मचारियों की यह मांग काफी समय से उठाई जा रही थी। नगर पालिका कर्मचारी संघ की ओर से अपनी विभिन्न मांगों को लेकर हरियाणा में 37 दिन की हड़ताल भी की गई थी।
सफाई कर्मचारियों और सीवरमैन की प्रमुख मांगों में से एक मांग उन्हें क्लर्क पद पर पदोन्नति का अवसर देना भी थी। सरकार ने 11 सितंबर को इस मांग को स्वीकार किया था। इसके बाद अब सेवा नियमों में संशोधन को अधिसूचित कर दिया गया है।
इस फैसले को कर्मचारियों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इससे सफाई और सीवर व्यवस्था से जुड़े कर्मचारियों को अपने मौजूदा पद से आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
कर्मचारियों के लिए करियर में आगे बढ़ने का अवसर
नगर निगमों में सफाई कर्मचारी और सीवरमैन शहरों की साफ-सफाई और सार्वजनिक स्वास्थ्य व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। लंबे समय तक एक ही श्रेणी के काम में रहने वाले कर्मचारियों के लिए पदोन्नति और विभागीय अवसरों का महत्व काफी अधिक होता है।
क्लर्क पद पर पदोन्नति का प्रावधान लागू होने से पात्र कर्मचारियों को प्रशासनिक कार्यों में जाने का अवसर मिल सकता है। इससे उनके करियर में नई जिम्मेदारियां और आगे बढ़ने की संभावनाएं भी पैदा होंगी।
नगर निकायों के कर्मचारियों को मिलेगा लाभ
यह बदलाव खास तौर पर नगर निगमों के कर्मचारियों से जुड़ा है। सरकार ने इसके साथ नगर परिषदों और नगर समितियों में भर्ती और सेवा शर्तों से जुड़े नियमों में भी बदलाव की प्रक्रिया शुरू की है।
विभाग ने हरियाणा म्युनिसिपल सर्विसेज (Integration, Recruitment and Conditions of Service) Rules, 2010 में संशोधन का मसौदा भी जारी किया है। इस मसौदे को लेकर लोगों और संबंधित पक्षों से 10 दिनों के भीतर आपत्तियां और सुझाव मांगे गए हैं।
सफाई कर्मचारियों की मांग को मिली मंजूरी
सफाई कर्मचारियों और सीवरमैन की ओर से लंबे समय से सेवा शर्तों और करियर से जुड़े मुद्दे उठाए जाते रहे हैं। ऐसे में सरकार का यह फैसला उनके लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
37 दिन तक चली हड़ताल के बाद सरकार द्वारा मांग स्वीकार किए जाने और अब नियमों में संशोधन की अधिसूचना जारी होने से कर्मचारियों को उम्मीद है कि उन्हें विभागीय स्तर पर आगे बढ़ने के अधिक अवसर मिलेंगे।
प्रशासनिक व्यवस्था में भी बढ़ सकती है जिम्मेदारी
क्लर्क का पद नगर निकायों की प्रशासनिक व्यवस्था से जुड़ा होता है। इस पद पर काम करने वाले कर्मचारी रिकॉर्ड, कार्यालयी प्रक्रिया और विभिन्न प्रशासनिक कार्यों में भूमिका निभाते हैं।
सफाई कर्मचारियों और सीवरमैन के लिए इस पद तक पहुंचने का अवसर मिलने से उनके कार्यक्षेत्र में भी बदलाव आ सकता है। हालांकि, पदोन्नति के लिए लागू पात्रता और विभागीय नियमों का पालन करना आवश्यक होगा।
नगर निकायों में कर्मचारियों के लिए बड़ा कदम
हरियाणा सरकार का यह फैसला नगर निगमों में काम करने वाले सफाई कर्मचारियों और सीवरमैन के लिए करियर विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा सकता है। नियमों में बदलाव से अब इन कर्मचारियों के लिए क्लर्क पद तक पहुंचने का रास्ता खुल गया है।
साथ ही नगर परिषदों और नगर समितियों से जुड़े सेवा नियमों में प्रस्तावित बदलावों पर भी प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। इससे आने वाले समय में स्थानीय निकायों के कर्मचारियों की भर्ती और सेवा शर्तों से संबंधित व्यवस्था में बदलाव देखने को मिल सकता है।
