27 अगस्त 2026: हरियाणा के रोहतक की एक स्थानीय अदालत ने पूर्व महम विधायक बलबीर सिंह उर्फ बाली पहलवान और छह अन्य आरोपियों को 15 साल पुराने हत्या मामले में दोषी करार दिया है। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत अब गुरुवार को दोषियों की सजा की अवधि को लेकर दलीलें सुनेगी।
2011 में कलानौर अनाज मंडी में हुआ था विवाद
यह मामला मई 2011 का है। कलानौर की अनाज मंडी में दो गुटों के बीच विवाद के दौरान हिंसा हुई थी। इस दौरान निगाना गांव निवासी विष्णु राम को गोली लगी थी, जिसके बाद उसकी मौत हो गई। घटना में कई अन्य लोग भी घायल हुए थे।
19 लोगों के खिलाफ दर्ज हुई थी FIR
विष्णु राम के एक रिश्तेदार की शिकायत पर पुलिस ने बाली पहलवान समेत 19 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की थी। आरोपियों पर हत्या, हत्या के प्रयास, आपराधिक साजिश और आर्म्स एक्ट समेत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। लंबे समय तक चली सुनवाई के दौरान कुछ आरोपियों की मौत हो गई, जबकि कुछ को अदालत ने बरी कर दिया। अब सात आरोपियों को हत्या के मामले में दोषी ठहराया गया है।
बाली पहलवान की गिरफ्तारी बनी थी बड़ा मुद्दा
मामले की शुरुआत में बाली पहलवान को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस ने कार्रवाई की थी, लेकिन उनके पैतृक गांव मोखरा में बड़ी संख्या में समर्थकों और हथियारबंद ग्रामीणों के जुटने के कारण पुलिस को विरोध का सामना करना पड़ा था।
बाद में बाली पहलवान ने 2011 में तत्कालीन रोहतक रेंज के IG वी. कामराजा के सामने आत्मसमर्पण किया था। वह कई वर्षों तक जेल में रहे और बाद में उन्हें जमानत मिल गई थी।
अब सजा पर होगी सुनवाई
अदालत के दोषी करार दिए जाने के बाद अब मामले में अगला महत्वपूर्ण चरण सजा का निर्धारण है। अदालत गुरुवार को अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के बाद दोषियों को दी जाने वाली सजा पर फैसला कर सकती है।
15 साल बाद आया फैसला
करीब डेढ़ दशक तक चली कानूनी प्रक्रिया के बाद इस मामले में अदालत का फैसला आया है। लंबे समय से लंबित इस केस में सात आरोपियों का दोषी ठहराया जाना मामले की महत्वपूर्ण प्रगति मानी जा रही है।
कुल मिलाकर, रोहतक की अदालत ने 2011 के कलानौर अनाज मंडी गोलीकांड और विष्णु राम की हत्या के मामले में पूर्व महम विधायक बाली पहलवान समेत सात आरोपियों को दोषी करार दिया है। अब अदालत गुरुवार को सजा की अवधि को लेकर दलीलें सुनेगी।
