22 जून 2026 : पंजाब के तरनतारन जिले के निकट एक वितरिका (डिस्ट्रिब्यूटरी) में दरार आने से आसपास के खेतों में पानी भर गया। किसान नेताओं का दावा है कि इस घटना के कारण लगभग 400 एकड़ कृषि भूमि जलमग्न हो गई है, जिससे किसानों को भारी नुकसान होने की आशंका है।
स्थानीय किसानों के अनुसार, नहर में दरार पड़ने के बाद बड़ी मात्रा में पानी खेतों की ओर बहने लगा। देखते ही देखते कई खेत पानी से भर गए और खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचने की स्थिति पैदा हो गई।
घटना की जानकारी मिलने के बाद सिंचाई विभाग और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। अधिकारियों ने दरार को बंद करने और पानी के बहाव को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। प्रभावित क्षेत्र का सर्वे भी किया जा रहा है ताकि नुकसान का आकलन किया जा सके।
किसान संगठनों ने प्रशासन से प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा देने की मांग की है। उनका कहना है कि खेती पहले ही बढ़ती लागत और मौसम संबंधी चुनौतियों का सामना कर रही है, ऐसे में इस तरह की घटनाएं किसानों की आर्थिक स्थिति को और प्रभावित कर सकती हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि नहरों और वितरिकाओं के नियमित रखरखाव से इस प्रकार की घटनाओं को काफी हद तक रोका जा सकता है। उन्होंने सिंचाई ढांचे की समय-समय पर जांच और मरम्मत पर जोर दिया है।
प्रशासन का कहना है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और प्रभावित किसानों की सहायता के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। नुकसान के वास्तविक स्तर का पता विस्तृत जांच और सर्वेक्षण के बाद ही चल सकेगा।
