5 मई 2026 : पंजाब की राजनीति में हलचल के बीच मुख्यमंत्री भगवंत मान अचानक नई दिल्ली के लिए रवाना हो गए हैं। उनका यह दौरा आम आदमी पार्टी (AAP) के कुछ सांसदों के कथित तौर पर भारतीय जनता पार्टी में विलय की अटकलों के बीच बेहद अहम माना जा रहा है।
सूत्रों के मुताबिक, भगवंत मान आज द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात कर सकते हैं और पूरे मामले को लेकर अपनी बात रखेंगे। इस मुलाकात को संवैधानिक और राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
हाल के दिनों में यह चर्चा तेज हुई है कि AAP के कुछ सांसद पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो सकते हैं। हालांकि, इस पर आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है, लेकिन सियासी गलियारों में इसे लेकर अटकलें लगातार जारी हैं।
भगवंत मान ने पहले भी इस तरह की खबरों को लेकर चिंता जताई थी और पार्टी की एकजुटता पर जोर दिया था। उन्होंने कहा था कि AAP एक मजबूत संगठन है और इसे तोड़ने की कोशिशें सफल नहीं होंगी।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि मुख्यमंत्री का यह कदम स्थिति की गंभीरता को दर्शाता है। राष्ट्रपति से मुलाकात के जरिए वे इस मुद्दे को उच्च स्तर पर उठाना चाहते हैं।
वहीं विपक्षी दल इस घटनाक्रम को लेकर सरकार और AAP पर निशाना साध रहे हैं। उनका कहना है कि यह पार्टी के अंदरूनी हालात को दर्शाता है।
आम आदमी पार्टी की ओर से फिलहाल इस मामले पर आधिकारिक बयान का इंतजार किया जा रहा है। पार्टी के वरिष्ठ नेता स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
नई दिल्ली में होने वाली यह संभावित मुलाकात आने वाले दिनों में राजनीतिक समीकरणों को प्रभावित कर सकती है।
फिलहाल, पूरे घटनाक्रम पर सभी की नजर टिकी हुई है और आगे क्या निर्णय लिया जाता है, यह देखना अहम होगा।
यह घटनाक्रम यह दर्शाता है कि भारतीय राजनीति में दल-बदल और राजनीतिक रणनीतियां किस तरह तेजी से बदलती रहती हैं।
