5 अक्टूबर 2026 आम आदमी पार्टी (AAP) पंजाब के मीडिया इंचार्ज बलतेज सिंह पन्नू ने अकाली दल के नेता विरसा सिंह वल्टोहा की ओर से की गई टिप्पणियों पर पलटवार किया है। पन्नू ने कहा कि वह व्यक्तिगत हमलों के जवाब में अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल नहीं करेंगे, लेकिन उनके पास उठाए गए हर सवाल और आरोप का जवाब है। उन्होंने कहा कि उनके माता-पिता और शिक्षकों ने उन्हें यह सिखाया है कि सामने वाला व्यक्ति चाहे जो भाषा इस्तेमाल करे, उन्हें अपनी भाषा की गरिमा बनाए रखनी चाहिए।
‘मैं हर सवाल का जवाब देने के लिए तैयार हूं’
बलतेज पन्नू ने कहा कि उन्होंने जानबूझकर विरसा सिंह वल्टोहा की ओर से की गई हर व्यक्तिगत टिप्पणी का जवाब नहीं दिया। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर जरूरत पड़ी तो वह दोबारा प्रेस कॉन्फ्रेंस करके पूरे मामले से जुड़े तथ्य और घटनाक्रम जनता के सामने रखेंगे।
पन्नू ने कहा कि वह यह बताने के लिए तैयार हैं कि पूरे मामले में क्या हुआ, कौन लोग इसमें शामिल थे और उस समय क्या कार्रवाई की गई थी। उन्होंने कहा कि सवालों से बचने के बजाय संबंधित लोगों को सामने आकर जवाब देना चाहिए।
महिला के चरित्र पर सवाल उठाने को लेकर आपत्ति
बलतेज पन्नू ने कहा कि किसी महिला के खिलाफ पहले कोई मामला दर्ज हुआ हो या उसके अतीत को लेकर कुछ आरोप हों, इससे किसी को उसके चरित्र पर सवाल उठाने का अधिकार नहीं मिल जाता।
उन्होंने कहा कि अगर संबंधित लोगों को महिला के बारे में पहले से सब कुछ पता था, तो सवाल यह भी है कि उसे वहां क्यों लाया गया और उसे इतने लंबे समय तक SGPC की सराय में क्यों रखा गया। पन्नू ने इसी मुद्दे पर अकाली नेताओं और SGPC नेतृत्व से जवाब मांगा।
अकाली नेतृत्व और SGPC से जवाब मांगने की बात
पन्नू ने अकाली दल के वरिष्ठ नेतृत्व की चुप्पी पर भी सवाल उठाया। उन्होंने सुखबीर सिंह बादल से इस पूरे मामले पर जवाब देने की मांग की और कहा कि वरिष्ठ नेताओं को बार-बार दूसरे लोगों के जरिए प्रतिक्रिया देने के बजाय खुद सामने आकर सवालों का जवाब देना चाहिए।
उन्होंने SGPC अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी से भी महिला से जुड़े मामले में SGPC के फैसलों और रिकॉर्ड को लेकर स्पष्टीकरण देने की मांग की।
‘जरूरत पड़ी तो फिर करूंगा प्रेस कॉन्फ्रेंस’
बलतेज पन्नू ने कहा कि वह फिलहाल व्यक्तिगत टिप्पणियों का जवाब देने के बजाय मामले से जुड़े वास्तविक सवालों पर ध्यान दे रहे हैं। हालांकि, अगर जरूरत पड़ी तो वह दोबारा प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सकते हैं।
उन्होंने संकेत दिया कि ऐसी स्थिति में वह मामले से जुड़े घटनाक्रम, संबंधित लोगों की भूमिका और उस समय की गई कार्रवाई से संबंधित जानकारी सार्वजनिक करेंगे।
विवाद में लगातार सामने आ रहे बयान
यह विवाद पिछले कुछ समय से राजनीतिक बयानबाजी का विषय बना हुआ है। बलतेज पन्नू लगातार SGPC की सराय में महिला के ठहरने और उससे जुड़े सवालों को उठा रहे हैं, जबकि अकाली दल से जुड़े नेताओं की ओर से भी इस मुद्दे पर उनके खिलाफ बयान दिए गए हैं।
पन्नू का ताजा बयान इसी राजनीतिक और सार्वजनिक विवाद के बीच आया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह व्यक्तिगत या अपमानजनक भाषा की राजनीति में शामिल नहीं होना चाहते, लेकिन उठाए जा रहे सवालों का जवाब देने से पीछे नहीं हटेंगे।
पन्नू ने वल्टोहा को भाषा पर संयम रखने को कहा
बलतेज पन्नू ने विरसा सिंह वल्टोहा की भाषा पर भी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि महिलाओं के खिलाफ व्यक्तिगत और अपमानजनक टिप्पणियां करना उचित नहीं है। पन्नू ने वल्टोहा से अपने शब्दों पर नियंत्रण रखने की बात कही।
उन्होंने यह भी कहा कि महिला से जुड़े आरोपों और सवालों का जवाब देने के बजाय व्यक्तिगत हमले करना मुद्दे से ध्यान हटाने जैसा है। उनके मुताबिक, अगर किसी के पास मामले को लेकर तथ्य हैं तो उन्हें सार्वजनिक रूप से उन सवालों का जवाब देना चाहिए।
