नई दिल्ली 19 अप्रैल 2026 : राजधानी दिल्ली में बड़े व्यावसायिक वाहनों से व्यवसाय करना महंगा हो गया है। एमसीडी ने व्यावसायिक वाहनों के प्रवेश के लिए लगने वाले टोल में पर्यावरण क्षतिपूर्ण शुल्क (ईसीसी) की दरों में वृद्धि की है। इसमें दो एक्सएल और तीन व चार एक्सएल वाले वाहनों में बढ़ोत्तरी की गई है।
निगम के जारी आदेश के अनुसार, श्रेणी दो के तहत आने वाले ट्रकों की दर पहले जहां 1400 रुपये थी, जिसे बढ़ाकर 2000 कर दिया है। इसी प्रकार तीन और चार एक्सएल वाले ट्रकों पर दिल्ली में प्रवेश के लिए 2600 रुपये का ईसीसी लगता था, जिसे बढ़ाकर 4000 कर दिया गया है।
वाहनों की संख्या 1500 प्रतिदिन
ऐसे में इन वाहनों से आने वाले सामान जैसे मोटरसाइकिल, पैकेर्स एंड मूवर्स का व्यवसाय करने वाले लोगों अब ज्यादा शुल्क देना होगा। उल्लेखनीय है कि दिल्ली में प्रतिदिन 3500 के करीब दो एक्सएल वाले ट्रक प्रवेश करते हैं, जबकि तीन और चार धुरी (एक्सएल) वाले वाहनों की संख्या 1500 प्रतिदिन है।
दिल्ली में ईसीसी शुल्क पर्यावरण पर होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए लिया जाता है। टोल नाकों पर इसे एमसीडी वसूलती है। जिसे एक विशेष खाते में दिल्ली सरकार को जमा किया जाता है।
प्रतिदिन एनसीआर से कुल कितने वाहन दिल्ली में प्रवेश करते हैं, इनमें से व्यावसायिक वाहन कितने होते हैं और उनमें भी कैब या टैक्सी कितनी होती हैं। 70 हजार व्यावसायिक वाहन औसतन दिल्ली में प्रवेश करते हैं।
| वाहन श्रेणी | औसत संख्या |
|---|---|
| कार (Car) | 29,000 |
| हल्का वाणिज्य वाहन (Light Commercial Vehicle) | 6,000 |
| बस (Bus) | 2,800 |
| ट्रक (दो एक्सल वाले) | 3,400 |
| तीन धुरी वाले वाणिज्य वाहन | 1,000 |
| तीन धुरी से अधिक वाले वाणिज्य वाहन | 1,100 |
| एलएमवी (LMV) | 25,000 |
