18 जुलाई 2026 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की अनुपस्थिति को लेकर उठे सवालों पर आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि “हमें एक पैसा भी नहीं मिला।” पार्टी का दावा है कि कार्यक्रम में जिन परियोजनाओं का उद्घाटन या शिलान्यास किया गया, उनके लिए पंजाब सरकार को कोई वित्तीय सहायता नहीं मिली।
AAP नेताओं ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान का कार्यक्रम में शामिल न होने का फैसला राजनीतिक नहीं, बल्कि सिद्धांतों और राज्य के हितों से जुड़ा था। उनका आरोप है कि केंद्र सरकार पंजाब के साथ वित्तीय मामलों में भेदभाव कर रही है और राज्य को उसका उचित हिस्सा नहीं मिल रहा।
पार्टी ने यह भी कहा कि पंजाब सरकार लगातार राज्य के अधिकारों और आर्थिक हितों की रक्षा के लिए आवाज उठाती रही है। AAP का कहना है कि यदि केंद्र सरकार वास्तव में पंजाब के विकास के लिए सहयोग करना चाहती है, तो उसे राज्य को लंबित वित्तीय सहायता और बकाया राशि जारी करनी चाहिए।
वहीं, विपक्षी दलों ने मुख्यमंत्री की गैरमौजूदगी पर सवाल उठाते हुए इसे राजनीतिक शिष्टाचार के खिलाफ बताया। उनका कहना है कि राज्य के विकास से जुड़े कार्यक्रमों में मुख्यमंत्री की उपस्थिति आवश्यक थी।
फिलहाल इस मुद्दे को लेकर पंजाब की राजनीति में बयानबाजी तेज हो गई है। केंद्र और राज्य सरकार के बीच वित्तीय सहयोग तथा विकास परियोजनाओं को लेकर बहस जारी है।
