21 सितंबर 2026: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने रविवार को मोहाली में ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के तहत तैयार किए गए करीब 1.26 करोड़ स्वास्थ्य कार्डों के वितरण की शुरुआत की। सरकार के अनुसार, इन कार्डों के माध्यम से राज्य के करीब 54 लाख परिवारों को स्वास्थ्य सुरक्षा कवच उपलब्ध कराया जाएगा। योजना के तहत पात्र परिवारों को 10 लाख रुपये तक के कैशलेस इलाज की सुविधा देने की बात कही गई है।
1.26 करोड़ स्वास्थ्य कार्डों के वितरण की शुरुआत
मोहाली में आयोजित कार्ड वितरण समारोह के दौरान मुख्यमंत्री भगवंत मान ने योजना के अगले चरण की शुरुआत की। सरकार का कहना है कि कार्डों का वितरण पात्र परिवारों तक स्वास्थ्य सुरक्षा की सुविधा पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
योजना के तहत बनाए गए कार्डों के जरिए लाभार्थी परिवारों को इलाज के समय आर्थिक बोझ से राहत देने का प्रयास किया जा रहा है। सरकार के मुताबिक, पात्र लाभार्थी सरकारी और निजी अस्पतालों में उपलब्ध उपचार सुविधाओं का लाभ ले सकते हैं।
54 लाख परिवारों को मिलेगा स्वास्थ्य सुरक्षा कवच
मुख्यमंत्री के अनुसार, मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत करीब 54 लाख परिवारों को स्वास्थ्य सुरक्षा उपलब्ध कराई जा रही है। प्रत्येक पात्र परिवार के लिए 10 लाख रुपये तक के कैशलेस उपचार का प्रावधान बताया गया है।
इसका उद्देश्य गंभीर बीमारी की स्थिति में परिवारों पर पड़ने वाले इलाज के खर्च के दबाव को कम करना है। सरकार का कहना है कि बीमारी के कारण किसी परिवार को आर्थिक परेशानी का सामना न करना पड़े, इसी उद्देश्य से योजना को व्यापक स्तर पर लागू किया जा रहा है।
7 लाख से अधिक मरीजों का इलाज
पंजाब सरकार के अनुसार, मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत अब तक 7 लाख से अधिक मरीजों का इलाज किया जा चुका है। इस इलाज पर करीब 1,310 करोड़ रुपये खर्च होने की जानकारी दी गई है।
सरकार के मुताबिक, योजना के तहत गंभीर और महंगी चिकित्सा सेवाओं को भी शामिल किया गया है। इनमें डायलिसिस, कैंसर उपचार, हृदय संबंधी इलाज, घुटना प्रत्यारोपण, मोतियाबिंद ऑपरेशन, सी-सेक्शन और कुछ ट्रांसप्लांट जैसी सेवाएं शामिल हैं।
1,800 से अधिक गांवों में लगाए जाएंगे कैंप
स्वास्थ्य कार्डों को लाभार्थियों तक पहुंचाने के लिए राज्य के 1,800 से अधिक गांवों में कैंप लगाने की योजना है। इन कैंपों के माध्यम से पात्र परिवारों को कार्ड उपलब्ध कराने का काम किया जाएगा।
इसके अलावा, सरकार के अनुसार स्वास्थ्य मित्र और आशा कार्यकर्ता भी घर-घर जाकर कार्ड पहुंचाने में भूमिका निभाएंगे। इससे उन लाभार्थियों तक भी कार्ड पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा जो किसी कारण से कैंप तक नहीं पहुंच पाते।
सरकारी और निजी अस्पतालों में इलाज की सुविधा
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि लाभार्थी अपनी जरूरत के अनुसार सरकारी या निजी अस्पताल में उपचार करवा सकते हैं। योजना के तहत कैशलेस इलाज की सुविधा का उद्देश्य यह है कि पात्र परिवारों को इलाज के समय अपनी जेब से बड़ी रकम खर्च न करनी पड़े।
गंभीर बीमारी के खर्च से परिवारों को राहत देने का प्रयास
गंभीर बीमारी का इलाज कई परिवारों के लिए बड़ी आर्थिक चुनौती बन सकता है। लंबे इलाज, महंगी दवाओं, जांच और अस्पताल के खर्च के कारण परिवारों पर आर्थिक दबाव बढ़ सकता है।
मुख्यमंत्री सेहत योजना के माध्यम से सरकार ऐसे खर्चों के प्रभाव को कम करने की कोशिश कर रही है। सरकार का कहना है कि स्वास्थ्य सुविधाएं केवल आर्थिक रूप से मजबूत लोगों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि जरूरतमंद परिवारों को भी समय पर उपचार मिलना चाहिए।
स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने पर जोर
पंजाब सरकार की ओर से मुख्यमंत्री सेहत योजना के साथ-साथ आम आदमी क्लीनिकों के जरिए भी स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने की बात कही गई है। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में कहा कि राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं को लोगों के लिए अधिक सुलभ बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
योजना के लाभ के लिए कार्ड महत्वपूर्ण
स्वास्थ्य कार्डों का वितरण योजना के लाभार्थियों तक सुविधा पहुंचाने की प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है। कार्ड मिलने के बाद पात्र परिवार योजना के तहत निर्धारित नियमों के अनुसार उपचार सुविधा का लाभ उठा सकेंगे।
आने वाले समय में कार्ड वितरण के साथ अस्पतालों में योजना के संचालन, पात्र लाभार्थियों को उपचार उपलब्ध कराने और संबंधित शिकायतों के समाधान की प्रक्रिया भी महत्वपूर्ण रहेगी।
