• Tue. Sep 15th, 2026

कनाडा ने रंगदारी से जुड़े मामलों में पंजाब के 4 लोगों को किया डिपोर्ट, अब तक 111 लोगों को हटाया

15 सितंबर, 2026 कनाडा ने रंगदारी और संगठित अपराध से जुड़े मामलों में पंजाब के चार लोगों को देश से डिपोर्ट कर दिया है। कनाडा बॉर्डर सर्विसेज एजेंसी (CBSA) के अनुसार, पालविंदर सिंह, जस्मेर सिंह, अमितोज बाजवा और साहिबजोत सिंह को इमिग्रेशन एंड रिफ्यूजी प्रोटेक्शन एक्ट (IRPA) के तहत कनाडा में रहने के लिए अयोग्य पाया गया। इन मामलों में रंगदारी से जुड़ी हिंसा या संगठित अपराध से संबंधित गतिविधियों के लिंक सामने आए थे। चारों को कनाडा के इमिग्रेशन एंड रिफ्यूजी बोर्ड के फैसलों के बाद हटाया गया।

पंजाब के चार लोगों पर हुई कार्रवाई

CBSA ने जिन चार लोगों को कनाडा से हटाया है, उनमें पालविंदर सिंह, जस्मेर सिंह, अमितोज बाजवा और साहिबजोत सिंह शामिल हैं। एजेंसी के मुताबिक, इन सभी मामलों में गंभीर आपराधिकता या आपराधिक संगठनों से संबंध के आधार पर इन्हें कनाडा में रहने के लिए अयोग्य माना गया।

CBSA ने कहा कि प्रत्येक मामले में रंगदारी से संबंधित हिंसा या संगठित अपराध से जुड़े अपराध शामिल थे। इसके बाद इमिग्रेशन एंड रिफ्यूजी बोर्ड की प्रक्रिया पूरी होने पर चारों को कनाडा से डिपोर्ट किया गया।

3 सितंबर तक 111 लोगों को कनाडा से हटाया गया

कनाडा की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, 3 सितंबर 2026 तक देशभर में अलग-अलग आधारों पर 188 रिमूवल ऑर्डर जारी किए गए थे। इनमें से 111 लोगों को कनाडा से हटाया जा चुका था।

क्षेत्रवार आंकड़ों की बात करें तो पैसिफिक क्षेत्र में 91 रिमूवल ऑर्डर जारी हुए और 58 लोगों को हटाया गया। प्रेयरी क्षेत्र में 47 आदेशों के तहत 30 लोगों को हटाया गया, जबकि ग्रेटर टोरंटो एरिया में 50 रिमूवल ऑर्डर के तहत 23 लोगों को कनाडा से बाहर किया गया।

रंगदारी और संगठित अपराध पर कनाडा का सख्त रुख

कनाडा के सार्वजनिक सुरक्षा मंत्री गैरी अनांडासांगर ने कहा कि इस तरह की कार्रवाई रंगदारी और संगठित अपराध को रोकने के लिए कानून प्रवर्तन एजेंसियों के बीच सहयोग को दिखाती है।

CBSA की अध्यक्ष एरिन ओ’गोर्मन ने भी कहा कि रंगदारी से जुड़े मामलों में 100 से अधिक लोगों को हटाया जाना संगठित अपराध के खिलाफ समन्वित कार्रवाई के प्रभाव को दर्शाता है।

2025 में 23 हजार से ज्यादा लोगों को हटाया गया

CBSA के अनुसार, वर्ष 2025 में कुल 23,160 ऐसे लोगों को कनाडा से हटाया गया जिन्हें देश में रहने के लिए अयोग्य पाया गया था। इनमें 1,010 लोग गंभीर आपराधिकता से संबंधित मामलों में शामिल थे। इन श्रेणियों में राष्ट्रीय सुरक्षा, युद्ध अपराध, मानवाधिकार उल्लंघन, संगठित अपराध और अन्य गंभीर आपराधिक गतिविधियां शामिल थीं।

हर सप्ताह करीब 400 लोगों को हटाने की प्रक्रिया

CBSA फिलहाल हर सप्ताह करीब 400 ऐसे लोगों को कनाडा से हटाने की प्रक्रिया पूरी कर रहा है जिन्हें इमिग्रेशन नियमों के तहत देश में रहने के लिए अयोग्य पाया गया है।

कनाडा के बॉर्डर प्लान के तहत एजेंसी की क्षमता बढ़ाने के लिए 30.4 मिलियन डॉलर का प्रावधान किया गया है। एजेंसी का लक्ष्य हर वित्तीय वर्ष में करीब 20,000 रिमूवल पूरे करना है। इसके अलावा बॉर्डर सुरक्षा मजबूत करने के लिए CBSA में 1,000 नए अधिकारियों की भर्ती की योजना भी बताई गई है।

दक्षिण एशियाई समुदाय को लेकर भी चिंता

कनाडा की वित्तीय लेनदेन और रिपोर्टिंग एजेंसी FINTRAC ने हाल ही में रंगदारी से जुड़ी गतिविधियों को लेकर एक विशेष बुलेटिन जारी किया था। इसमें बताया गया कि आपराधिक गिरोह कभी-कभी आर्थिक रूप से कमजोर युवाओं को हिंसक गतिविधियों के लिए इस्तेमाल करते हैं।

बुलेटिन में यह भी चेतावनी दी गई कि छोटे आपराधिक समूह और दूसरे नकलची गिरोह बड़े संगठित गिरोहों की छवि का इस्तेमाल कर रंगदारी की धमकियों का प्रभाव बढ़ाने की कोशिश कर सकते हैं।

कनाडा में रंगदारी के मामलों पर कार्रवाई जारी

कनाडा में दक्षिण एशियाई समुदाय को निशाना बनाकर रंगदारी की जांच के मामले भी सामने आए हैं। हाल में कनाडाई पुलिस ने रंगदारी से जुड़ी कई जांचों में आरोपित 15 लोगों की तस्वीरें जारी की थीं। कैलगेरी पुलिस के अनुसार, 16 लोगों के खिलाफ कुल 56 आरोप दर्ज किए गए थे।

पंजाब से जुड़े चार लोगों का डिपोर्ट किया जाना ऐसे समय में हुआ है जब कनाडा रंगदारी और संगठित अपराध से निपटने के लिए इमिग्रेशन और कानून प्रवर्तन कार्रवाई को तेज कर रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *