18 अगस्त 2026: गुरु जंभेश्वर यूनिवर्सिटी ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी (GJUST), हिसार के नए वाइस चांसलर (VC) के चयन की प्रक्रिया को लेकर हरियाणा सरकार ने मंगलवार, 18 अगस्त 2026, को यूनिवर्सिटी की एग्जीक्यूटिव काउंसिल (EC) की नई बैठक बुलाई है। यह कदम पहले चयन पैनल के सदस्यों के नामांकन को लेकर उठे हितों के टकराव (Conflict of Interest) के विवाद के बाद उठाया गया है।
ACS की अध्यक्षता में होगी बैठक
नई बैठक की अध्यक्षता उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव (ACS) करेंगे। मौजूदा कार्यवाहक VC प्रो. नरसी राम बिश्नोई बैठक में शामिल नहीं होंगे। वह EC के पदेन अध्यक्ष हैं, लेकिन खुद VC पद के आवेदक होने के कारण उन्हें बैठक से अलग रखा गया है।
दो सदस्यों का नए सिरे से होगा नामांकन
VC के चयन के लिए तीन सदस्यीय सर्च-कम-सेलेक्शन कमेटी बनाई जाती है। इसमें दो सदस्यों का नामांकन यूनिवर्सिटी की एग्जीक्यूटिव काउंसिल करती है, जबकि एक सदस्य का नामांकन कुलाधिपति एवं राज्यपाल की ओर से किया जाता है।
नई बैठक में EC द्वारा दो सदस्यों का फिर से नामांकन किया जाएगा। राज्यपाल-कुलाधिपति की ओर से पहले से मंजूर सदस्य को बदलने का फैसला नहीं किया गया है।
मार्च की बैठक पर उठे थे सवाल
इससे पहले मार्च 2026 में हुई EC की बैठक में मौजूदा VC प्रो. नरसी राम बिश्नोई को ही चयन समिति के लिए दो नाम राज्य सरकार को भेजने का अधिकार दिया गया था। उस समय वह खुद VC पद के उम्मीदवार थे।
इसी वजह से शिक्षकों और उच्च शिक्षा से जुड़े संगठनों ने हितों के टकराव पर सवाल उठाए थे। बाद में सैंडीप गुप्ता ने भी इस प्रक्रिया को लेकर कानूनी नोटिस भेजा और प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के उल्लंघन का आरोप लगाया।
आवेदकों और उनके रिश्तेदारों को लेकर भी सख्ती
हरियाणा सरकार ने स्पष्ट किया है कि जिन EC सदस्यों ने VC पद के लिए आवेदन किया है या जिनके करीबी रिश्तेदार इस पद के आवेदक हैं, उन्हें चयन समिति के सदस्यों के नामांकन से जुड़ी बैठक से खुद को अलग करना होगा।
EC सदस्यों से यह भी अंडरटेकिंग मांगी गई है कि वे या उनके करीबी रिश्तेदार VC पद के आवेदक नहीं हैं।
क्यों महत्वपूर्ण है यह फैसला?
सरकार के इस कदम का उद्देश्य VC चयन प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाना है, ताकि किसी भी उम्मीदवार को चयन समिति के गठन में प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष लाभ न मिले।
हरियाणा फेडरेशन ऑफ यूनिवर्सिटी एंड कॉलेज टीचर्स एसोसिएशन ने भी सरकार के फैसले का स्वागत किया है। संगठन के अध्यक्ष डॉ. जितेंद्र खटकर ने कहा कि जिन लोगों का चयन प्रक्रिया के परिणाम से प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष हित जुड़ा हो, उन्हें निर्णय प्रक्रिया से अलग रखना सही कदम है।
कुल मिलाकर, GJUST हिसार के VC चयन की प्रक्रिया अब नए सिरे से आगे बढ़ेगी। आज की बैठक में एग्जीक्यूटिव काउंसिल सर्च-कम-सेलेक्शन कमेटी के लिए दो नए सदस्यों का नामांकन करेगी, जबकि कार्यवाहक VC और VC पद के आवेदक प्रो. नरसी राम बिश्नोई बैठक से बाहर रहेंगे।
