30 जुलाई,2026 पंजाब सरकार की स्कूलों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) शिक्षा को बढ़ावा देने की योजना को कंप्यूटर शिक्षकों की कमी से झटका लग सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि पर्याप्त प्रशिक्षित शिक्षकों के बिना विद्यार्थियों तक AI आधारित शिक्षा प्रभावी ढंग से पहुंचाना चुनौतीपूर्ण होगा।
जानकारी के अनुसार, राज्य के कई सरकारी स्कूलों में कंप्यूटर शिक्षकों के पद खाली हैं या उपलब्ध शिक्षक संख्या आवश्यकता से कम है। ऐसे में AI, कोडिंग और डिजिटल कौशल जैसे नए विषयों को लागू करने में व्यावहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है।
AI शिक्षा के लिए प्रशिक्षित शिक्षकों की जरूरत
शिक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि AI जैसे आधुनिक विषयों को पढ़ाने के लिए केवल कंप्यूटर लैब पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि प्रशिक्षित और तकनीकी रूप से दक्ष शिक्षकों की भी आवश्यकता है।
सरकार की डिजिटल शिक्षा योजना
पंजाब सरकार स्कूलों में डिजिटल शिक्षा और नई तकनीकों को बढ़ावा देने की दिशा में काम कर रही है। AI शिक्षा को भविष्य की जरूरत बताते हुए इसे चरणबद्ध तरीके से लागू करने की योजना बनाई गई है।
विशेषज्ञों ने सुझाए समाधान
विशेषज्ञों ने खाली पदों पर जल्द भर्ती, वर्तमान शिक्षकों को AI और डिजिटल तकनीकों का प्रशिक्षण देने तथा स्कूलों में तकनीकी संसाधनों को मजबूत करने की सिफारिश की है, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण तकनीकी शिक्षा मिल सके।
