31 मई 2026 : स्थानीय स्वशासन संस्थाओं के अंतर्गत आने वाली जळगांव विधान परिषद सीट को लेकर राजनीतिक गोपनीयता चरम पर है। नामांकन दाखिल करने के लिए सोमवार (1 जून) का आखिरी दिन बचा है, लेकिन महायुति की ओर से अब तक यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि यह सीट किस दल के खाते में जाएगी। सूत्रों के अनुसार यह सीट भाजपा के हिस्से में रहने की संभावना है, लेकिन पार्टी ने अब तक उम्मीदवार के नाम का खुलासा नहीं किया है और इस मुद्दे पर ‘ब्लाइंड गेम’ खेला जा रहा है।
दूसरी ओर, महाविकास आघाड़ी की तरफ से यह सीट शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) लड़ेगी और उसने अपना उम्मीदवार भी लगभग तय कर लिया है। वहीं महायुति में भाजपा और शिवसेना के बीच पिछले दस दिनों से इस सीट को लेकर रस्साकशी जारी है। शिवसेना के मंत्री गुलाबराव पाटील के पुत्र प्रतापराव पाटील भी इस सीट के प्रबल दावेदार माने जा रहे हैं। इसी मुद्दे पर चर्चा के लिए गुलाबराव पाटील शनिवार को मुंबई रवाना हुए।
भाजपा का ‘धक्का-तंत्र’?
दिल्ली और मुंबई में वरिष्ठ नेताओं की बैठकों में हुई चर्चा के बाद स्थानीय भाजपा नेताओं ने यह सीट शिवसेना को न देने की पैरवी की है। बताया जा रहा है कि सीट भाजपा के पास ही रहने की संभावना है। हालांकि उम्मीदवार की घोषणा न होने से इच्छुक नेताओं की बेचैनी बढ़ गई है। पार्टी के भीतर नाराजगी से बचने के लिए भाजपा नेतृत्व उम्मीदवार चयन को लेकर पूरी गोपनीयता बरत रहा है।
तीन निर्दलीयों ने दाखिल किए नामांकन
नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 1 जून है। शनिवार को सात इच्छुक उम्मीदवारों ने कुल 12 नामांकन पत्र लिए। अब तक 54 संभावित उम्मीदवारों के समर्थकों द्वारा 91 नामांकन प्रपत्र लिए जा चुके हैं। वहीं तीन निर्दलीय उम्मीदवारों ने भी नामांकन दाखिल कर दिया है। इनमें अमलनेर के प्रवीण गंगाराम पाटील, रावेर के दारा मोहम्मद और धरणगांव के नीलेश चौधरी शामिल हैं।
