22 अप्रैल 2026 : उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर आज भारतीय वायुसेना का विशेष अभ्यास आयोजित किया जा रहा है, जिसमें लड़ाकू विमानों की गर्जना गूंजेगी। इस दौरान सुखोई Su-30MKI और मिराज 2000 जैसे अत्याधुनिक विमान सुलतानपुर की हवाई पट्टी पर उतरेंगे और उड़ान भरेंगे।
इस अभ्यास का उद्देश्य आपात स्थिति में एक्सप्रेसवे को अस्थायी रनवे के रूप में उपयोग करने की तैयारी को परखना है। वायुसेना के पायलट विभिन्न तकनीकी और सामरिक पहलुओं का परीक्षण करेंगे, जिससे भविष्य में किसी भी चुनौतीपूर्ण स्थिति का सामना बेहतर तरीके से किया जा सके।
अधिकारियों के अनुसार इस तरह के अभ्यास से वायुसेना की क्षमता और प्रतिक्रिया समय को मजबूत करने में मदद मिलती है। यह अभ्यास सुरक्षा और रणनीतिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
स्थानीय प्रशासन ने इस दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं और आम लोगों से अपील की है कि वे निर्धारित दिशानिर्देशों का पालन करें।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के अभ्यास से देश की रक्षा तैयारियों को मजबूती मिलती है और आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित कार्रवाई संभव हो पाती है।
यह आयोजन लोगों के बीच भी आकर्षण का केंद्र बना हुआ है, क्योंकि वे करीब से लड़ाकू विमानों की गतिविधियां देख सकेंगे।
प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि अभ्यास के दौरान कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हो सकता है।
कुल मिलाकर पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर होने वाला यह एयरफोर्स अभ्यास देश की सुरक्षा तैयारियों को दर्शाने वाला एक महत्वपूर्ण कदम है।
