6 अक्टूबर 2026 अमृतसर से ताल्लुक रखने वाले भारतीय विदेश सेवा (IFS) अधिकारी अनमोल शेर सिंह बेदी ने अपनी मेहनत और उपलब्धियों से शहर का नाम देशभर में रोशन किया है। वर्ष 2016 की UPSC सिविल सेवा परीक्षा में उन्होंने ऑल इंडिया रैंक 2 हासिल की थी। इसके बाद उन्होंने IAS के बजाय भारतीय विदेश सेवा को चुना और अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। फिलहाल वह स्विट्जरलैंड के Geneva में भारत के निरस्त्रीकरण और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों पर काम कर रहे हैं।
अमृतसर में हुआ पालन-पोषण
अनमोल शेर सिंह बेदी का जन्म और पालन-पोषण अमृतसर में हुआ। उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा अमृतसर के Spring Dale School से पूरी की। इसके बाद उन्होंने BITS Pilani से कंप्यूटर साइंस में इंजीनियरिंग की पढ़ाई की। इंजीनियरिंग की पढ़ाई के बाद उन्होंने देश की सबसे प्रतिष्ठित प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक UPSC सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी शुरू की।
पहले ही प्रयास में UPSC में दूसरी रैंक
अनमोल बेदी ने वर्ष 2016 में अपने पहले प्रयास में UPSC सिविल सेवा परीक्षा में ऑल इंडिया रैंक 2 हासिल की। UPSC के आधिकारिक परिणाम के अनुसार वह उस परीक्षा में पुरुष उम्मीदवारों में भी टॉपर रहे थे। उस परीक्षा में कर्नाटक की नंदिनी केआर ने पहला स्थान हासिल किया था, जबकि अनमोल बेदी दूसरे स्थान पर रहे।
उनकी इस सफलता ने उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई। खास बात यह रही कि इतनी शानदार रैंक हासिल करने के बावजूद उन्होंने IAS के बजाय Indian Foreign Service यानी IFS को अपना करियर चुना।
IFS को क्यों चुना?
UPSC में शानदार प्रदर्शन के बाद अनमोल बेदी का लक्ष्य भारतीय विदेश सेवा में जाने का था। IFS में चयन के बाद उन्होंने विदेश मंत्रालय के साथ अपने करियर की शुरुआत की। उन्होंने नई दिल्ली स्थित साउथ ब्लॉक में अंडर सेक्रेटरी के रूप में भी काम किया और इसके बाद विदेश नीति तथा अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़े कार्यों में जिम्मेदारियां संभालीं।
ट्रेनिंग में भी हासिल की बड़ी उपलब्धि
IFS की ट्रेनिंग के दौरान भी अनमोल बेदी ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। वर्ष 2018 में विदेश मंत्रालय ने उन्हें Best Officer Trainee चुना। तत्कालीन विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने उन्हें एक समारोह में गोल्ड मेडल प्रदान किया था। यह उपलब्धि उनके राजनयिक करियर की शुरुआती बड़ी उपलब्धियों में शामिल रही।
Geneva में भारत के लिए संभाल रहे अहम जिम्मेदारी
अनमोल बेदी इस समय स्विट्जरलैंड के Geneva में स्थित Conference on Disarmament में भारत के Permanent Mission के साथ Senior Adviser (Disarmament) के रूप में कार्यरत हैं। भारत के Geneva स्थित आधिकारिक मिशन की वेबसाइट पर भी उनका नाम और पद दर्ज है।
उनकी वर्तमान जिम्मेदारी बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि निरस्त्रीकरण और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दे वैश्विक कूटनीति के संवेदनशील विषयों में शामिल हैं। वह Conference on Disarmament में भारत की ओर से विभिन्न मुद्दों पर बयान और विचार रखते रहे हैं।
परमाणु निरस्त्रीकरण से लेकर अंतरिक्ष सुरक्षा तक
Geneva में अपने राजनयिक कार्य के दौरान अनमोल बेदी ने कई अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत का पक्ष रखा है। उनके कार्यक्षेत्र में परमाणु निरस्त्रीकरण, हथियार नियंत्रण, अंतरिक्ष सुरक्षा और जैविक एवं विषैले हथियारों से जुड़े मुद्दे शामिल रहे हैं। आधिकारिक रिकॉर्ड में उनके द्वारा Conference on Disarmament और अन्य मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व करने का उल्लेख मिलता है।
परिवार से भी मिला शिक्षा और सेवा का माहौल
अनमोल बेदी के परिवार का भी शिक्षा और सामाजिक सेवा से जुड़ा बैकग्राउंड रहा है। उनके पिता डॉ. सरबजीत सिंह बेदी शिक्षाविद हैं, जबकि उनकी मां जसी बेदी NGO से जुड़ी हैं। उनके परिवार ने UPSC की तैयारी के दौरान उनका साथ दिया।
अमृतसर के युवाओं के लिए प्रेरणा
अमृतसर से निकलकर UPSC में दूसरी रैंक हासिल करना और इसके बाद भारतीय विदेश सेवा में रहते हुए Geneva जैसे महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय केंद्र में भारत का प्रतिनिधित्व करना अनमोल बेदी की यात्रा को खास बनाता है।
उनकी कहानी यह भी दिखाती है कि इंजीनियरिंग जैसे तकनीकी क्षेत्र से आने वाला छात्र भी सिविल सेवा में शानदार प्रदर्शन कर सकता है और अपनी पसंद के अनुसार प्रशासनिक सेवा के बजाय विदेश सेवा को करियर के रूप में चुन सकता है।
