16 जून 2026 : Punjab में चल रहे नशा सर्वेक्षण (ड्रग सर्वे) की प्रगति अपेक्षा से धीमी बताई जा रही है, जिसके चलते 30 जून तक कार्य पूरा होने की निर्धारित समयसीमा पर सवाल खड़े हो गए हैं।
सूत्रों के अनुसार, सर्वेक्षण से जुड़े कई क्षेत्रों में डेटा संग्रहण और सत्यापन का काम निर्धारित गति से नहीं चल पा रहा है। इससे सर्वेक्षण को तय समय में पूरा करना चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
नशे की समस्या की वास्तविक स्थिति का आकलन करने और प्रभावी नीतियां तैयार करने के उद्देश्य से यह सर्वेक्षण शुरू किया गया था। इसके माध्यम से प्रभावित क्षेत्रों, आयु वर्गों और सामाजिक प्रभावों से संबंधित जानकारी जुटाई जा रही है।
अधिकारियों का कहना है कि सर्वेक्षण कार्य को गति देने के प्रयास किए जा रहे हैं। संबंधित टीमों को डेटा संग्रहण और रिपोर्टिंग में तेजी लाने के निर्देश भी दिए गए हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के बड़े सर्वेक्षणों में सटीकता बनाए रखना उतना ही महत्वपूर्ण है जितना समयसीमा का पालन करना। इसलिए जल्दबाजी के बजाय विश्वसनीय आंकड़े जुटाने पर भी ध्यान दिया जा रहा है।
यदि मौजूदा रफ्तार बनी रही, तो सर्वेक्षण की अंतिम रिपोर्ट निर्धारित तिथि के बाद आने की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा। हालांकि, अधिकारी समयसीमा के भीतर कार्य पूरा करने के लिए अतिरिक्त प्रयास कर रहे हैं।
