13 अक्टूबर 2026: देश के कई हिस्सों में मौसम एक बार फिर बदलने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के 13 अक्टूबर 2026 के पूर्वानुमान के अनुसार, दिल्ली-NCR, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, हिमाचल प्रदेश और राजस्थान के कुछ इलाकों में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की आशंका है। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी मौसम खराब रहने की संभावना जताई गई है। वहीं, उत्तर प्रदेश को लेकर आज के आधिकारिक पूर्वानुमान में अलग से कोई मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है।
मौसम में इस बदलाव को देखते हुए लोगों को स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी जाती है। खासकर खुले स्थानों पर काम करने वाले लोगों, वाहन चालकों और पहाड़ी इलाकों में यात्रा करने वालों को सावधानी बरतनी चाहिए। हालांकि, सभी राज्यों में एक जैसी स्थिति नहीं रहेगी और बारिश की संभावना जिले तथा स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार अलग हो सकती है।
दिल्ली-NCR में कैसा रहेगा मौसम?
दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में 13 अक्टूबर को गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है। IMD की चेतावनी के मुताबिक, दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब के कुछ हिस्सों में 13 से 15 अक्टूबर के दौरान हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। कुछ स्थानों पर हवा के झोंके 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक चलने की आशंका है।
तेज हवाओं के दौरान पेड़ों के नीचे खड़े होने, खुले मैदानों में रुकने और बिजली के खंभों या तारों के पास जाने से बचना चाहिए। आंधी आने पर वाहन चलाते समय भी विशेष सावधानी बरतनी जरूरी है।
दिल्ली में तापमान के लिहाज से दिन अपेक्षाकृत गर्म रह सकता है। मौसम विभाग के सफदरजंग केंद्र के पूर्वानुमान के अनुसार, 13 अक्टूबर को अधिकतम तापमान लगभग 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 20 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
दिल्ली-NCR में बारिश और हवा की स्थिति अलग-अलग इलाकों में बदल सकती है। इसलिए लोगों को केवल सामान्य पूर्वानुमान पर निर्भर रहने के बजाय अपने क्षेत्र के लिए जारी ताजा चेतावनियों की जानकारी भी लेनी चाहिए।
पंजाब और हरियाणा में आंधी-तूफान का अलर्ट
पंजाब और हरियाणा में भी मौसम बदलने की संभावना है। IMD ने दोनों राज्यों के लिए 13 अक्टूबर को गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाओं से संबंधित चेतावनी जारी की है। यह स्थिति 14 और 15 अक्टूबर तक कुछ क्षेत्रों में बनी रह सकती है। इन तारीखों पर पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली के कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि की संभावना भी जताई गई है।
किसानों के लिए मौसम का यह बदलाव खास महत्व रखता है। तेज हवा, बारिश या ओलावृष्टि से खुले में रखी फसल, कृषि उपज और खेतों में किए जा रहे काम प्रभावित हो सकते हैं। किसानों को सलाह दी जाती है कि वे अपने जिले के कृषि मौसम बुलेटिन और स्थानीय प्रशासन की सलाह के अनुसार जरूरी कदम उठाएं।
वहीं, आम लोगों को आंधी के दौरान कमजोर ढांचों, होर्डिंग और पेड़ों से दूरी बनाए रखनी चाहिए। यदि बिजली चमक रही हो, तो खुले मैदान या पानी के आसपास रुकने के बजाय सुरक्षित इमारत में जाना बेहतर है।
उत्तर प्रदेश में बारिश होगी या नहीं?
उत्तर प्रदेश के मौसम को लेकर भी लोगों की नजर बनी हुई है। कुछ समाचार रिपोर्टों में राज्य के कुछ हिस्सों में बारिश की संभावना का उल्लेख किया गया है। हालांकि, IMD के 13 अक्टूबर को जारी उप-विभागीय चेतावनी बुलेटिन में पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश, दोनों के लिए आज कोई विशेष मौसम चेतावनी दर्ज नहीं है।
इसका अर्थ यह नहीं है कि राज्य के हर जिले में बारिश होना असंभव है। स्थानीय स्तर पर बादल छाने या हल्की बारिश की स्थिति अलग हो सकती है। लेकिन फिलहाल उत्तर प्रदेश के लिए दिल्ली, पंजाब और हरियाणा जैसी आंधी-तूफान की चेतावनी का दावा करना उपलब्ध आधिकारिक जानकारी के आधार पर सही नहीं होगा।
उत्तर प्रदेश में यात्रा करने वाले लोगों को अपने जिले का ताजा पूर्वानुमान देखना चाहिए। मौसम विभाग की चेतावनियां समय के साथ अपडेट हो सकती हैं, इसलिए यात्रा या किसी खुले आयोजन की योजना बनाने से पहले नवीनतम जानकारी लेना उपयोगी रहेगा।
राजस्थान में भी बदल सकता है मौसम
राजस्थान के पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में 13 अक्टूबर को कुछ स्थानों पर गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना है। IMD के पूर्वानुमान में 14 और 15 अक्टूबर को भी कुछ क्षेत्रों के लिए इसी तरह की चेतावनी दी गई है। हालांकि, इसका मतलब पूरे राज्य में बारिश होना नहीं है; मौसम की स्थिति अलग-अलग क्षेत्रों में अलग रह सकती है।
राजस्थान में तेज हवाओं और बिजली गिरने की स्थिति में लोगों को खुले क्षेत्रों में अनावश्यक रूप से रुकने से बचना चाहिए। किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों में काम करने वाले लोगों को भी स्थानीय चेतावनी के अनुसार अपने काम की योजना बनानी चाहिए।
हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में बारिश का अनुमान
पहाड़ी राज्यों में भी मौसम में बदलाव की संभावना जताई गई है। हिमाचल प्रदेश में 13, 14 और 15 अक्टूबर को कुछ इलाकों में गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका है। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के लिए भी मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में 14 अक्टूबर को कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
पहाड़ी क्षेत्रों में मौसम तेजी से बदल सकता है। ऐसे में पर्यटकों और स्थानीय लोगों को यात्रा से पहले सड़क की स्थिति और मौसम विभाग की चेतावनी की जानकारी लेनी चाहिए। बारिश के दौरान फिसलन, कम दृश्यता और पहाड़ी रास्तों पर आवाजाही में परेशानी हो सकती है।
हिमाचल प्रदेश में रहने वाले लोगों को गरज-चमक के दौरान खुले स्थानों से दूर रहने और सुरक्षित जगह पर रहने की सलाह दी जाती है। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वालों को प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करना चाहिए।
14 और 15 अक्टूबर को भी रहें सतर्क
IMD के पूर्वानुमान के मुताबिक, दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में 14 और 15 अक्टूबर को भी आंधी-तूफान और तेज हवाओं की संभावना बनी रह सकती है। कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि का खतरा भी बताया गया है। इसके अलावा, हिमाचल प्रदेश में भी इस अवधि के दौरान गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका है।
इसलिए लोगों को मौसम की स्थिति को ध्यान में रखकर अपनी दैनिक गतिविधियों की योजना बनानी चाहिए। खासकर खुले में आयोजित कार्यक्रमों, सड़क यात्रा और कृषि कार्यों के दौरान अतिरिक्त सावधानी बरतना जरूरी है।
