20 अप्रैल 2026 : हरियाणा में जेलों के भीतर सुरक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को मजबूत करने के लिए एक महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया गया है। इसके तहत अब सभी कैदियों की जेल में प्रवेश के 24 घंटे के भीतर अनिवार्य रूप से स्क्रीनिंग की जाएगी।
अधिकारियों के अनुसार इस कदम का उद्देश्य जेलों में किसी भी प्रकार की बीमारी के प्रसार को रोकना और सुरक्षा जोखिमों को समय रहते पहचानना है। स्क्रीनिंग के दौरान कैदियों के स्वास्थ्य की जांच के साथ-साथ उनकी पृष्ठभूमि और संभावित जोखिमों का भी आकलन किया जाएगा।
प्रशासन का कहना है कि यह प्रक्रिया जेल प्रबंधन को अधिक प्रभावी बनाने में मदद करेगी और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयारी सुनिश्चित करेगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि जेलों में इस तरह की शुरुआती जांच बेहद जरूरी होती है, क्योंकि इससे कैदियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को शुरुआत में ही नियंत्रित किया जा सकता है।
इस निर्देश के तहत जेल अधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया है कि स्क्रीनिंग प्रक्रिया पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पूरी हो।
इसके अलावा, जरूरत पड़ने पर कैदियों को उचित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए गए हैं।
यह कदम जेलों में बेहतर प्रबंधन और कैदियों के अधिकारों की सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
कुल मिलाकर हरियाणा सरकार का यह निर्णय जेल प्रशासन को अधिक व्यवस्थित और सुरक्षित बनाने की दिशा में एक अहम पहल है।
