27 जुलाई 2026 : पंजाब सरकार ने फिरोजपुर केंद्रीय जेल में सामने आए ड्रग रैकेट मामले में वरिष्ठ अधिकारियों की भूमिका की नई जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों के अनुसार, मामले से जुड़े तथ्यों और जिम्मेदारियों की दोबारा समीक्षा की जाएगी ताकि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित हो सके।
सूत्रों के मुताबिक, जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास करेंगी कि जेल के भीतर कथित नशीले पदार्थों के नेटवर्क के संचालन में किसी अधिकारी की लापरवाही, मिलीभगत या प्रशासनिक चूक तो नहीं रही। जांच के दायरे में कई वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल किए गए हैं।
पुराने रिकॉर्ड और साक्ष्यों की होगी समीक्षा
जांच टीम पहले से उपलब्ध दस्तावेजों, रिकॉर्ड, गवाहों के बयान और अन्य साक्ष्यों की दोबारा जांच करेगी। आवश्यकता पड़ने पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों से भी पूछताछ की जा सकती है।
जेल सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
ड्रग रैकेट का मामला सामने आने के बाद जेलों की सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी प्रणाली पर भी सवाल उठे हैं। सरकार का कहना है कि यदि जांच में किसी भी अधिकारी की जिम्मेदारी तय होती है, तो उसके खिलाफ नियमों के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पारदर्शी जांच का भरोसा
सरकार ने कहा है कि पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कराई जाएगी, ताकि दोषियों की जवाबदेही तय हो सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
