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NIT-Jalandhar में पारंपरिक और तकनीकी टेक्सटाइल पर अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन, देश-विदेश के विशेषज्ञों ने लिया हिस्सा

6 सितंबर 2026 नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (NIT) जालंधर के डिपार्टमेंट ऑफ टेक्सटाइल टेक्नोलॉजी की ओर से पारंपरिक और तकनीकी टेक्सटाइल के क्षेत्र में उभरते रुझानों को लेकर तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। 4th International Conference on Emerging Trends in Traditional and Technical Textiles 2026 (ICETT 2026) का आयोजन 4 सितंबर से 6 सितंबर तक किया जा रहा है। सम्मेलन में भारत के साथ-साथ कई देशों से टेक्सटाइल विशेषज्ञ, शोधकर्ता, शिक्षाविद, उद्योग जगत से जुड़े पेशेवर और विद्यार्थी हिस्सा ले रहे हैं।

टेक्सटाइल क्षेत्र में नई संभावनाओं पर चर्चा

इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य पारंपरिक और तकनीकी टेक्सटाइल के क्षेत्र में हो रहे नए शोध, तकनीकी विकास और औद्योगिक उपयोग की संभावनाओं पर चर्चा करना है। टेक्सटाइल उद्योग लगातार नई तकनीकों और अनुसंधान के साथ बदल रहा है। ऐसे में इस तरह के सम्मेलन शोधकर्ताओं और उद्योग जगत के बीच संवाद का अवसर प्रदान करते हैं।

सम्मेलन के दौरान टेक्सटाइल क्षेत्र में नई तकनीकों, नवाचार और भविष्य की जरूरतों को लेकर विशेषज्ञ अपने विचार साझा कर रहे हैं। इसके अलावा पारंपरिक टेक्सटाइल को आधुनिक तकनीक के साथ जोड़ने और तकनीकी टेक्सटाइल के बढ़ते उपयोग पर भी चर्चा हो रही है।

देश-विदेश के विशेषज्ञों की भागीदारी

ICETT 2026 में भारत के अलावा कई देशों से जुड़े विशेषज्ञ और शिक्षाविद शामिल हुए हैं। सम्मेलन में टेक्सटाइल रिसर्च, अकादमिक क्षेत्र और उद्योग से जुड़े प्रतिनिधियों की भागीदारी इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर का मंच बना रही है।

इस तरह के आयोजन विद्यार्थियों और युवा शोधकर्ताओं के लिए भी महत्वपूर्ण माने जाते हैं, क्योंकि उन्हें अलग-अलग संस्थानों और देशों से आए विशेषज्ञों के साथ बातचीत करने तथा टेक्सटाइल क्षेत्र में चल रहे नए प्रयोगों और शोध के बारे में जानने का अवसर मिलता है।

उद्घाटन समारोह में NIT जालंधर के अधिकारी शामिल

सम्मेलन के उद्घाटन समारोह में NIT जालंधर के Officiating Director प्रो. जेएन चक्रवर्ती और Registrar प्रो. अनिश सचदेवा मौजूद रहे। समारोह में सम्मेलन के उद्देश्यों और टेक्सटाइल क्षेत्र में रिसर्च, इनोवेशन, उभरती तकनीकों तथा औद्योगिक उपयोग पर विशेष जोर दिया गया।

कार्यक्रम में University of Greater Manchester के प्रो. एस. राजेंद्रन, University of Mauritius के प्रो. रोशन उनमार, High-Performance Textiles के Managing Director डॉ. नंदन कुमार और E-Spin, कानपुर के Director डॉ. संदीप पाटिल बतौर गेस्ट ऑफ ऑनर शामिल हुए।

पारंपरिक टेक्सटाइल को आधुनिक तकनीक से जोड़ने पर जोर

सम्मेलन में पारंपरिक टेक्सटाइल और आधुनिक तकनीकी टेक्सटाइल के बीच संबंध को भी महत्वपूर्ण विषय के रूप में देखा जा रहा है। भारत में टेक्सटाइल की समृद्ध परंपरा रही है और अलग-अलग क्षेत्रों में पारंपरिक बुनाई, कढ़ाई और हस्तशिल्प की अपनी अलग पहचान है।

वहीं, तकनीकी टेक्सटाइल का इस्तेमाल स्वास्थ्य, निर्माण, परिवहन, सुरक्षा और अन्य क्षेत्रों में लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में पारंपरिक ज्ञान और आधुनिक तकनीक के बीच तालमेल भविष्य में नए उत्पादों और रोजगार के अवसर पैदा कर सकता है।

रिसर्च और इंडस्ट्री के बीच बढ़ेगा संवाद

ICETT 2026 जैसे अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य अकादमिक शोध और उद्योग के बीच संवाद को मजबूत करना भी है। शोध संस्थानों में विकसित तकनीकों को उद्योग तक पहुंचाने और उद्योग की जरूरतों के अनुसार नए शोध को बढ़ावा देने के लिए विशेषज्ञों के बीच बातचीत अहम भूमिका निभा सकती है।

टेक्सटाइल क्षेत्र में तेजी से बदलती तकनीक को देखते हुए उद्योगों को नए और बेहतर उत्पादों की जरूरत होती है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से शोधकर्ता और उद्योग प्रतिनिधि अपनी जरूरतों और अनुभवों को साझा कर सकते हैं।

विद्यार्थियों और युवा शोधकर्ताओं के लिए अवसर

NIT जालंधर में आयोजित यह सम्मेलन टेक्सटाइल टेक्नोलॉजी से जुड़े विद्यार्थियों और शोधकर्ताओं के लिए भी उपयोगी मंच बन रहा है। उन्हें अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों से सीखने, अपने शोध से संबंधित जानकारी साझा करने और नए क्षेत्रों को समझने का अवसर मिल रहा है।

इसके अलावा विभिन्न संस्थानों से आए प्रतिभागियों के बीच संपर्क भविष्य में संयुक्त शोध और सहयोग की संभावनाओं को भी बढ़ा सकता है।

तीन दिवसीय सम्मेलन में उभरते रुझानों पर फोकस

तीन दिनों तक चलने वाले ICETT 2026 में पारंपरिक और तकनीकी टेक्सटाइल के क्षेत्र में उभरते रुझानों पर फोकस किया जा रहा है। सम्मेलन में रिसर्च, इनोवेशन, नई तकनीकों और उनके औद्योगिक उपयोग को प्रमुखता दी गई है।

NIT जालंधर की ओर से आयोजित यह कार्यक्रम संस्थान के टेक्सटाइल टेक्नोलॉजी विभाग की शैक्षणिक और शोध गतिविधियों को भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सामने लाने का अवसर प्रदान कर रहा है।

टेक्सटाइल क्षेत्र के भविष्य के लिए अहम पहल

टेक्सटाइल उद्योग में पारंपरिक ज्ञान और आधुनिक तकनीक दोनों की अपनी महत्वपूर्ण भूमिका है। ऐसे में दोनों क्षेत्रों को एक मंच पर लाने वाले सम्मेलन भविष्य की संभावनाओं को समझने में मदद कर सकते हैं।

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