6 सितंबर 2026 शिक्षक दिवस के अवसर पर दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को ‘शिक्षक महाकुंभ–स्टेट टीचर्स अवॉर्ड्स 2026’ कार्यक्रम में 118 शिक्षकों को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया। कार्यक्रम का आयोजन नई दिल्ली के त्यागराज स्टेडियम में किया गया। सम्मानित शिक्षकों में स्कूल प्रमुखों, दिल्ली सरकार और MCD स्कूलों के शिक्षकों के साथ-साथ विशेष शिक्षा, खेल और पुस्तकालय से जुड़े शिक्षक भी शामिल रहे।
118 शिक्षकों को मिला सम्मान
शिक्षक महाकुंभ में शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले कुल 118 शिक्षकों को सम्मानित किया गया। इनमें 20 स्कूल प्रमुख और 69 दिल्ली सरकार व MCD स्कूलों के शिक्षक शामिल थे। इसके अलावा तीन CM Shri Schools के शिक्षकों, पुस्तकालयाध्यक्षों, विशेष शिक्षकों और खेल शिक्षकों को भी सम्मान दिया गया।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शिक्षकों को समाज की मजबूत नींव बताते हुए कहा कि उनका काम केवल किताबों का ज्ञान देने तक सीमित नहीं है। शिक्षक बच्चों में मूल्यों, आत्मविश्वास, कौशल और जिम्मेदारी की भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
बच्चों के भविष्य को दिशा देने में शिक्षकों की अहम भूमिका
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षक पूरी पीढ़ी के निर्माण में योगदान देते हैं। उन्होंने शिक्षकों से बच्चों में अनुशासन, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और जिम्मेदार नागरिक बनने की भावना विकसित करने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बच्चों को केवल पढ़ाई तक सीमित रखने के बजाय उनके व्यक्तित्व और सामाजिक जिम्मेदारियों को विकसित करना भी जरूरी है। उन्होंने बच्चों की सुरक्षा को लेकर ‘गुड टच और बैड टच’ जैसी महत्वपूर्ण जानकारियों के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर भी जोर दिया।
शिक्षा के लिए ₹19,148 करोड़ का बजट
रेखा गुप्ता ने दिल्ली सरकार की शिक्षा क्षेत्र से जुड़ी योजनाओं और बजट का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि वित्त वर्ष 2026-27 में शिक्षा के लिए ₹19,148 करोड़ का प्रावधान किया गया है।
सरकार का जोर स्कूलों में बेहतर बुनियादी सुविधाओं के साथ-साथ तकनीक आधारित शिक्षा को बढ़ावा देने पर है। इसी दिशा में दिल्ली के स्कूलों में आधुनिक भाषा प्रयोगशालाएं स्थापित करने की योजना पर भी काम किया जा रहा है।
170 आधुनिक भाषा प्रयोगशालाएं बनाने की तैयारी
मुख्यमंत्री ने बताया कि दिल्ली के स्कूलों में कुल 170 आधुनिक भाषा प्रयोगशालाएं स्थापित की जा रही हैं। इनमें 70 प्रयोगशालाएं CM Shri Schools में और 100 अन्य सरकारी स्कूलों में बनाई जाएंगी।
इन प्रयोगशालाओं के जरिए छात्रों को भाषा सीखने और अपनी संचार क्षमता बेहतर करने के लिए आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा।
10,417 शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया शुरू
कार्यक्रम के दौरान दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने बताया कि स्कूलों में शिक्षकों की कमी को दूर करने के लिए 10,417 शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया शुरू की गई है। इसमें 613 विशेष शिक्षकों की भर्ती भी शामिल है।
विशेष शिक्षकों की नियुक्ति से विशेष जरूरत वाले छात्रों को बेहतर शैक्षणिक और व्यक्तिगत सहायता उपलब्ध कराने में मदद मिलने की उम्मीद है। सरकार का कहना है कि शिक्षक भर्ती के साथ स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने का प्रयास किया जा रहा है।
शिक्षा व्यवस्था में सुधार पर सरकार का जोर
दिल्ली सरकार की ओर से शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए बुनियादी सुविधाओं, तकनीक और शिक्षकों की उपलब्धता पर जोर दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बच्चों को बेहतर शिक्षा देने के लिए सरकार, शिक्षक, संस्थान और समाज को मिलकर काम करना होगा।
शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने भी कहा कि सरकार शिक्षकों से जुड़े प्रशासनिक, मानव संसाधन और व्यक्तिगत विकास से संबंधित मुद्दों को दूर करने की दिशा में काम कर रही है।
जिम्मेदार नागरिक बनाने पर फोकस
मुख्यमंत्री ने शिक्षकों से बच्चों को जिम्मेदार नागरिक बनाने की दिशा में भी काम करने की अपील की। उन्होंने कहा कि बच्चों में छोटी उम्र से ही नियमों का सम्मान, संवेदनशीलता, पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी और सामाजिक मूल्यों की भावना विकसित की जानी चाहिए।
सरकार का उद्देश्य शिक्षा को केवल परीक्षा और पाठ्यक्रम तक सीमित रखने के बजाय बच्चों के समग्र विकास से जोड़ना है।
