24 जुलाई 2026 : पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने पर्यावरण संरक्षण को लेकर महत्वपूर्ण आदेश जारी करते हुए पठानकोट और गुरदासपुर जिलों में खनन गतिविधियों पर रोक लगा दी है। अदालत ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि अगले आदेश तक इन क्षेत्रों में किसी भी प्रकार का खनन कार्य न होने दिया जाए।
मामले की सुनवाई के दौरान अदालत के समक्ष खनन गतिविधियों से पर्यावरण, नदी तंत्र और आसपास के क्षेत्रों पर पड़ने वाले प्रभाव से जुड़े मुद्दे उठाए गए। इस पर हाईकोर्ट ने मामले को गंभीर मानते हुए तत्काल प्रभाव से रोक लगाने के निर्देश दिए।
प्रशासन को सख्त निगरानी के निर्देश
अदालत ने राज्य सरकार और संबंधित विभागों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा कि प्रतिबंधित क्षेत्रों में किसी भी प्रकार का अवैध या अनधिकृत खनन न हो। साथ ही स्थानीय प्रशासन को नियमित निगरानी और आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
पर्यावरण संरक्षण पर जोर
हाईकोर्ट ने कहा कि प्राकृतिक संसाधनों का दोहन कानून और पर्यावरणीय मानकों के अनुरूप होना चाहिए। यदि खनन से पर्यावरण या सार्वजनिक हित प्रभावित होता है, तो संबंधित एजेंसियों की जिम्मेदारी है कि वे प्रभावी कदम उठाएं।
रिपोर्ट पेश करने के निर्देश
अदालत ने संबंधित विभागों से खनन की स्थिति, पर्यावरणीय प्रभाव और नियमों के अनुपालन को लेकर विस्तृत रिपोर्ट भी मांगी है। रिपोर्ट के आधार पर मामले की अगली सुनवाई में आगे के निर्देश जारी किए जा सकते हैं।
इस आदेश के बाद पठानकोट और गुरदासपुर में खनन गतिविधियों से जुड़े सभी पक्षों की नजर अब हाईकोर्ट में होने वाली अगली सुनवाई और सरकार की आगे की कार्रवाई पर रहेगी।
