23 जुलाई 2026 : हरियाणा सरकार ने राज्य के औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (ITIs) के व्यापक आधुनिकीकरण का निर्णय लिया है। इस पहल का उद्देश्य युवाओं को आधुनिक तकनीकों से जोड़ना, रोजगारोन्मुख कौशल प्रदान करना और उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप प्रशिक्षण व्यवस्था विकसित करना है।
सरकार के अनुसार, आईटीआई संस्थानों में आधुनिक मशीनें, अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं, डिजिटल क्लासरूम और उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप नए ट्रेड शुरू किए जाएंगे। साथ ही मौजूदा पाठ्यक्रमों को भी समय-समय पर अपडेट किया जाएगा, ताकि प्रशिक्षित युवाओं को रोजगार मिलने में आसानी हो।
उद्योगों के साथ बढ़ेगा तालमेल
राज्य सरकार उद्योगों और आईटीआई संस्थानों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर भी जोर दे रही है। इसके तहत विद्यार्थियों को इंटर्नशिप, अप्रेंटिसशिप और ऑन-द-जॉब ट्रेनिंग के अधिक अवसर उपलब्ध कराने की योजना है, जिससे प्रशिक्षण के साथ-साथ व्यावहारिक अनुभव भी मिल सके।
डिजिटल और तकनीकी सुविधाओं का विस्तार
आधुनिकीकरण योजना के तहत कई आईटीआई परिसरों में स्मार्ट क्लासरूम, कंप्यूटर लैब, आधुनिक वर्कशॉप और डिजिटल लर्निंग संसाधन विकसित किए जाएंगे। सरकार का लक्ष्य तकनीकी शिक्षा को अधिक प्रभावी और रोजगार-केंद्रित बनाना है।
युवाओं को मिलेगा सीधा लाभ
सरकार का मानना है कि आईटीआई संस्थानों के आधुनिकीकरण से राज्य के युवाओं की रोजगार क्षमता बढ़ेगी और उन्हें देश-विदेश के उद्योगों में बेहतर अवसर मिलेंगे। इसके साथ ही हरियाणा में कुशल मानव संसाधन तैयार करने में भी यह पहल महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
अधिकारियों के अनुसार, इस योजना को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा और विभिन्न संस्थानों में आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे।
