10 जून 2026 : Kotak Mahindra Bank ने Punjab and Haryana High Court में बताया है कि कथित फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडी) घोटाले से जुड़े मामले में 127 करोड़ रुपये की वसूली के लिए हरियाणा में उसकी 109 शाखाओं को सील कर दिया गया था।
बैंक की ओर से अदालत में प्रस्तुत पक्ष के अनुसार, यह कार्रवाई कथित वित्तीय अनियमितताओं और बकाया राशि की वसूली से जुड़े विवाद के संदर्भ में की गई। बैंक ने कहा कि बड़ी संख्या में शाखाओं के सील होने से उसकी सामान्य बैंकिंग सेवाएं और ग्राहकों को दी जाने वाली सुविधाएं प्रभावित हुईं।
मामला हाईकोर्ट के समक्ष विचाराधीन है और अदालत इस पूरे प्रकरण से जुड़े कानूनी एवं प्रशासनिक पहलुओं की समीक्षा कर रही है। बैंक ने अपनी याचिका में कार्रवाई की वैधता और उसके प्रभावों को लेकर भी सवाल उठाए हैं।
दूसरी ओर, संबंधित अधिकारियों का कहना है कि कार्रवाई कानून के तहत की गई और इसका उद्देश्य कथित वित्तीय नुकसान की भरपाई सुनिश्चित करना था। मामले से जुड़े सभी तथ्यों और दस्तावेजों की जांच की जा रही है।
वित्तीय विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में निवेशकों के हितों की सुरक्षा और वित्तीय संस्थानों की जवाबदेही दोनों महत्वपूर्ण होती हैं। इसलिए अदालत का अंतिम निर्णय इस मामले में महत्वपूर्ण प्रभाव डाल सकता है।
फिलहाल मामले की सुनवाई जारी है और सभी पक्ष अदालत के समक्ष अपने-अपने तर्क रख रहे हैं। अंतिम फैसला आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आगे क्या कानूनी और प्रशासनिक कदम उठाए जाएंगे।
