6 जून 2026 : Badaun में एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। मेंथा (पुदीना) प्रसंस्करण टैंक में जहरीली गैस की चपेट में आने से दो भाइयों की मौत हो गई, जबकि तीसरे भाई की हालत गंभीर बनी हुई है। बताया जा रहा है कि तीनों भाई एक-दूसरे को बचाने के प्रयास में टैंक के भीतर उतरे थे।
जानकारी के अनुसार, घटना उस समय हुई जब एक व्यक्ति किसी कारणवश मेंथा टैंक के अंदर चला गया और वहां मौजूद जहरीली गैस के प्रभाव में आ गया। उसे बाहर निकालने के लिए उसका भाई टैंक में उतरा, लेकिन वह भी गैस की चपेट में आ गया। इसके बाद तीसरा भाई दोनों को बचाने के लिए नीचे गया, लेकिन वह भी बेहोश हो गया।
घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और बचाव कार्य शुरू किया। तीनों भाइयों को बाहर निकालकर तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने दो भाइयों को मृत घोषित कर दिया, जबकि तीसरे का इलाज जारी है और उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
हादसे के बाद इलाके में शोक की लहर फैल गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि टैंक के भीतर जहरीली गैस जमा होने के कारण यह दुर्घटना हुई। विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे बंद टैंकों या गहरे स्थानों में पर्याप्त सुरक्षा उपायों के बिना प्रवेश करना बेहद खतरनाक हो सकता है।
सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और मामले की जांच शुरू कर दी है। साथ ही यह पता लगाया जा रहा है कि सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं।
विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी बंद टैंक, कुएं या औद्योगिक संरचना में प्रवेश करने से पहले गैस परीक्षण, उचित वेंटिलेशन और सुरक्षा उपकरणों का उपयोग अनिवार्य होना चाहिए। कई बार लोगों को बचाने की कोशिश में बचावकर्ता भी हादसे का शिकार हो जाते हैं।
फिलहाल पुलिस और प्रशासन मामले की जांच कर रहे हैं। इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर कार्यस्थलों और प्रसंस्करण इकाइयों में सुरक्षा उपायों की आवश्यकता को उजागर कर दिया है।
