पुणे 13 फरवरी 2026 : पुणे–सोलापुर रेलवे विभाग से शुरू हुई पहली सोलापुर–पुणे–मुंबई वंदे भारत एक्सप्रेस से पिछले तीन वर्षों में करीब 23 लाख यात्रियों ने सफर किया है। इनमें सबसे अधिक यात्री पुणे–मुंबई–पुणे मार्ग पर यात्रा करते नजर आए हैं। इस वंदे भारत के कारण इन तीनों शहरों के बीच यात्रा का समय काफी कम हुआ है।
पुणे और सोलापुर विभाग से वंदे भारत शुरू करने की मांग के बाद 9 फरवरी 2023 को सोलापुर–मुंबई वंदे भारत एक्सप्रेस शुरू की गई थी। तीन साल पूरे करते हुए यह ट्रेन अब यात्रियों की पसंदीदा तेज और आधुनिक सेवा बन चुकी है। कम समय में इस ट्रेन ने यात्री संख्या, समय की बचत और सुविधाओं – तीनों मामलों में शानदार प्रदर्शन किया है। जनवरी 2026 तक औसतन 102.27% ऑक्युपेंसी दर्ज की गई और करीब 23.43 लाख यात्रियों ने आरामदायक सफर किया।
आधुनिक पुश-एंड-पुल तकनीक के कारण भोर घाट जैसे कठिन पहाड़ी सेक्शन में भी बिना बैंकर लोको के ट्रेन की सुचारु दौड़ संभव हो पाई है।
पुणे–मुंबई–पुणे मार्ग पर 13.5 लाख यात्री
सोलापुर–पुणे–मुंबई वंदे भारत को पुणे से मुंबई और मुंबई से पुणे के बीच जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला है। पुणेकरों के लिए सुबह के समय एक अतिरिक्त एक्सप्रेस सेवा मिलने से बड़ा फायदा हुआ है। मुंबई नौकरी और व्यापार के लिए आने-जाने वालों के लिए यह ट्रेन बेहद उपयोगी साबित हुई है। पिछले तीन वर्षों में इस मार्ग पर करीब 13.5 लाख यात्रियों ने सफर किया है।
कैसी दौड़ती है वंदे भारत
यह ट्रेन पुणे–सोलापुर–पुणे के 455 किलोमीटर का सफर मात्र 6 घंटे 30 मिनट में पूरा करती है, जो पारंपरिक सुपरफास्ट ट्रेनों की तुलना में लगभग डेढ़ घंटे की बचत करती है। इसके प्रमुख ठहराव कुर्डुवाड़ी, दौंड, पुणे, कल्याण, ठाणे और दादर हैं। फिलहाल यह सेवा सप्ताह में छह दिन चलती है।
बढ़ती मांग को देखते हुए अगस्त 2025 में इसके कोच 16 से बढ़ाकर 20 कर दिए गए, जिससे सीटिंग कैपेसिटी बढ़कर 1,440 हो गई।
तीन वर्षों में वंदे भारत का आंकड़ा
- पुणे से मुंबई यात्री: 6.74 लाख
- मुंबई से पुणे यात्री: 6.73 लाख
- सोलापुर से पुणे यात्री: 2.20 लाख
- पुणे से सोलापुर यात्री: 1.70 लाख
