14 जनवरी 2026 : कोकण में नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों में शिवसेना-भाजपा गठबंधन का दबदबा रहा। अब जैसे ही जिला परिषद और पंचायत समिति चुनाव घोषित हुए हैं, महाविकास आघाड़ी को एक और बड़ा झटका लगा है। शरद पवार के करीबी माने जाने वाले नेता और चिपलून के पूर्व विधायक रमेश कदम ने पार्टी से इस्तीफा देकर सियासी हलचल बढ़ा दी है। उन्होंने अपने पद के साथ-साथ पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से भी त्यागपत्र दे दिया है।
इस्तीफे में रमेश कदम ने कहा कि पार्टी को अब उनके जैसे निष्ठावान कार्यकर्ता की जरूरत नहीं रही। उन्होंने पत्र में अपने लंबे राजनीतिक योगदान का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि कठिन समय में भी पार्टी के लिए काम करने के बावजूद उन्हें अकेला छोड़ दिया गया।
रमेश कदम राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार गुट) के प्रदेश उपाध्यक्ष थे। उन्होंने 1984 से शरद पवार के नेतृत्व पर भरोसा जताते हुए पार्टी के लिए काम करने की बात कही और 1999 से लेकर विधायक, नगरसेवक व नगराध्यक्ष के रूप में किए गए अपने कार्यों का जिक्र किया।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जिला अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी लेने की तैयारी के बावजूद अंदरूनी विरोध के कारण उनकी नियुक्ति रोक दी गई, जिससे उनका मनोबल तोड़ा गया। नगर परिषद चुनाव के दौरान भी पार्टी नेतृत्व की ओर से कोई सहयोग नहीं मिला।
इस्तीफे के बाद अब सभी की नजर इस बात पर है कि रमेश कदम आगे कौन सा राजनीतिक फैसला लेते हैं।
