नई दिल्ली 26 मार्च 2026 : बुधवार को दिल्ली विधानसभा में भारी राजनीतिक तूफान उठ खड़ा हुआ जब लोक निर्माण विभाग (PWD) मंत्री प्रवेश वर्मा ने पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर जोरदार हमला बोलते हुए उनके आधिकारिक आवास के नवीनीकरण को लेकर CAG रिपोर्ट का हवाला दिया।
मंत्री ने सदन में आरोप लगाया कि वर्ष 2020 में कोविड-19 महामारी के दौरान भी केजरीवाल के आवास पर भव्य निर्माण कार्य जारी रहा, जिसमें शुरुआती 7.5 करोड़ रुपये के टेंडर को बढ़ाकर 55 करोड़ रुपये कर दिया गया और कुल खर्च 58 करोड़ रुपये तक पहुंच गया।
उन्होंने केजरीवाल की तुलना फिल्म ‘धुरंधर’ के किरदार ‘रहमान डकैत’ से की और AAP सरकार को दिल्ली के लिए आपदा बताया। वर्मा ने एक्स पर ‘शीशमहल’ के अंदर का एक वीडियो शेयर कर लग्जरी सामनों की कीमत बताई है।
‘कोविड से निपटने के लिए 787.91 करोड़ का उपयोग नहीं’
प्रवेश वर्मा ने आगे आरोप लगाया कि बिना उचित अनुमति के पेड़ काटे गए और कई सरकारी अधिकारियों के आवास तोड़े गए। साथ ही उन्होंने दावा किया कि केंद्र द्वारा कोविड-19 से निपटने के लिए दिए गए 787.91 करोड़ रुपये का उपयोग नहीं किया गया, जबकि महामारी के दौरान आम लोगों की मुश्किलें बढ़ रही थीं।
इस हमले के बाद सदन में तीखी बहस छिड़ गई। भाजपा विधायकों ने लग्जरी फर्नीचर, महंगे झूमर और अन्य वस्तुओं की सूची दिखाई, जबकि AAP ने इसका जवाब दिया। प्रशासन ने मामले की जांच का आश्वासन दिया है।
