नई दिल्ली 23 मार्च 2026 : बजट सत्र के पहले दिन विपक्ष की ओर से सदन का बहिष्कार किए जाने के विरोध में दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री प्रवेश वर्मा ने प्रेसवार्ता कर विपक्ष की कार्रवाई को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि बजट सत्र के पहले दिन विपक्ष के साथियों ने सत्र का बायकॉट किया, जो बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है।
उनका कहना था कि जब विपक्ष को पता चला कि आज पीएसी की रिपोर्ट और सीएजी की रिपोर्ट आ रही है तथा पिछले एक साल में सरकार द्वारा दिल्ली में किए गए कार्यों के बारे में बताया जाएगा और अगले एक साल की दिशा को लेकर बजट पेश होगा, तो वे इन सब बातों से घबरा गए।
अपनी गलतियों का सामना नहीं कर पाता विपक्ष
प्रवेश वर्मा ने कहा कि अपनी गलतियों का सामना नहीं कर पाने और दिल्ली में की गई कथित चोरियों और लूट के मुद्दों से बचने के लिए विपक्ष ने सदन की कार्यवाही से दूरी बनाई और विधानसभा परिसर के बाहर प्रदर्शन किया।
उन्होंने कहा कि इन रिपोर्टों से बचने के लिए विपक्ष यहां से भाग रहा है और अपनी जिम्मेदारी से पीछा छुड़ा रहा है। दिल्ली में अभी बहुत काम किया जाना बाकी है। सरकार, मुख्यमंत्री, मंत्री और विधायक अपने-अपने क्षेत्रों में काम कर रहे हैं और हर विभाग द्वारा हर विधानसभा क्षेत्र को पैसा दिया जा रहा है ताकि विकास कार्य हो सकें।
जब आप सत्ता में थी, तब भाजपा सदस्यों को बाहर निकाला जाता था
प्रवेश वर्मा ने कहा कि पिछले 11 वर्षों में दिल्ली की हालत खराब हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि जब विपक्ष सत्ता में था, तब उनके आठ सदस्यों को रोज सदन से बाहर निकाल दिया जाता था, जबकि अब वही लोग नैतिकता का पाठ पढ़ा रहे हैं।
उन्होंने विपक्ष से सदन की कार्यवाही में भाग लेने की अपील करते हुए कहा कि यदि सरकार में कोई कमियां हैं तो उन्हें सदन में उठाया जाए और दिल्ली की जनता को बताया जाए।
उन्होंने कहा कि चुनाव में जनता का बहुत पैसा खर्च होता है और जनता ने सभी जनप्रतिनिधियों को चुनकर भेजा है, इसलिए यह सभी की जिम्मेदारी और कर्तव्य है कि वे दिल्ली की जनता के प्रति जवाबदेह रहें।
