3 अप्रैल, 2026:* पंजाब के प्रमुख धार्मिक और पर्यटन शहर अमृतसर में आगामी त्योहारों और बढ़ती भीड़ को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को काफी सख्त कर दिया गया है। प्रशासन ने शहर को हाई अलर्ट पर रखते हुए व्यापक सुरक्षा योजना लागू की है।
अमृतसर में स्थित स्वर्ण मंदिर में हर दिन हजारों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। त्योहारों के समय यह संख्या कई गुना बढ़ जाती है। इसे देखते हुए पुलिस प्रशासन ने मंदिर परिसर और उसके आसपास के क्षेत्रों में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किया है। सीसीटीवी कैमरों की संख्या बढ़ाई गई है और उनकी निगरानी 24 घंटे की जा रही है।
पुलिस ने शहर के प्रमुख बाजारों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और अन्य भीड़भाड़ वाले इलाकों में भी सुरक्षा बढ़ा दी है। संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों को भी तैनात किया गया है।
इसके अलावा बम निरोधक दस्ते और डॉग स्क्वॉड की भी विशेष तैनाती की गई है। हर आने-जाने वाले व्यक्ति और सामान की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
यातायात व्यवस्था को भी सुचारु बनाए रखने के लिए विशेष योजना तैयार की गई है। शहर के विभिन्न मार्गों पर ट्रैफिक पुलिस की तैनाती बढ़ाई गई है। पार्किंग की समस्या से निपटने के लिए अस्थायी पार्किंग स्थल बनाए गए हैं।
प्रशासन ने स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों से भी सहयोग की अपील की है। उन्हें कहा गया है कि वे किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।
सोशल मीडिया पर भी विशेष निगरानी रखी जा रही है ताकि किसी भी प्रकार की अफवाह या गलत सूचना को फैलने से रोका जा सके। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें।
इस बीच, सुरक्षा के साथ-साथ श्रद्धालुओं की सुविधा का भी पूरा ध्यान रखा जा रहा है। साफ-सफाई, पेयजल और चिकित्सा सुविधाओं को बेहतर बनाया गया है ताकि आने वाले लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस प्रकार की व्यापक सुरक्षा व्यवस्था से न केवल लोगों में सुरक्षा की भावना बढ़ती है, बल्कि किसी भी संभावित खतरे को समय रहते टाला जा सकता है।
कुल मिलाकर अमृतसर प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है और यह सुनिश्चित करने में लगा है कि त्योहार शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न हों।
