15 अक्तूबर 2026: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में काशी की तस्वीर में बड़ा बदलाव आया है। वाराणसी में आयोजित स्वच्छता मित्र सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि प्राचीन काशी ने अपनी सांस्कृतिक और धार्मिक पहचान को बनाए रखते हुए विकास की नई दिशा में कदम बढ़ाया है। मुख्यमंत्री ने शहर में स्वच्छता, बिजली, यातायात और बुनियादी सुविधाओं में हुए बदलावों का उल्लेख किया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में वर्ष 2014 से पहले की परिस्थितियों का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय शहर की कई गलियों में गंदगी, सड़कों पर आवारा पशु और यातायात जाम जैसी समस्याएं देखने को मिलती थीं। उन्होंने बिजली की उपलब्धता और शहर की व्यवस्थाओं को लेकर भी पुरानी स्थिति का उल्लेख किया। उनके अनुसार, अब काशी नए स्वरूप में आगे बढ़ रही है और अपनी प्राचीन विरासत को आधुनिक विकास के साथ जोड़ रही है।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि काशी की पहचान केवल उसके धार्मिक महत्व तक सीमित नहीं है, बल्कि यह भारत की सांस्कृतिक परंपरा और ऐतिहासिक विरासत का भी महत्वपूर्ण केंद्र है। शहर के विकास के दौरान उसकी प्राचीन पहचान और परंपराओं को सुरक्षित रखना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों के साथ-साथ विकसित सुविधाओं का संरक्षण भी जरूरी है, ताकि आने वाली पीढ़ियों को उनका लाभ मिल सके।
मुख्यमंत्री ने स्वच्छता और नागरिक जिम्मेदारी पर जोर देते हुए कहा कि सरकार बुनियादी ढांचे का निर्माण कर सकती है, लेकिन उसकी देखभाल और सुरक्षा में समाज की भागीदारी महत्वपूर्ण होती है। यदि नागरिक सार्वजनिक स्थानों, सड़कों और अन्य सुविधाओं को स्वच्छ रखने में सहयोग नहीं करेंगे, तो बड़े से बड़ा निर्माण भी समय के साथ खराब हो सकता है। उन्होंने लोगों से शहर की स्वच्छता बनाए रखने और विकास कार्यों की सुरक्षा में अपनी भूमिका निभाने की अपील की।
वाराणसी में पिछले वर्षों के दौरान धार्मिक स्थलों, पर्यटन और बुनियादी सुविधाओं से संबंधित कई परियोजनाएं चर्चा में रही हैं। इनमें काशी विश्वनाथ धाम का विकास भी शामिल है। राज्य सरकार का कहना है कि ऐसी परियोजनाओं से शहर की धार्मिक पहचान को व्यापक स्तर पर सामने लाने और श्रद्धालुओं के लिए सुविधाएं बढ़ाने में मदद मिली है। हालांकि, विकास के प्रभाव का आकलन करते समय शहर की बुनियादी जरूरतों, नागरिक सुविधाओं और सार्वजनिक स्थानों के रखरखाव को भी ध्यान में रखना जरूरी है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इन दिनों वाराणसी के दो दिवसीय दौरे पर हैं। इस दौरान उन्होंने नमो घाट का निरीक्षण किया और वहां आगामी एयर शो की तैयारियों की समीक्षा की। एयर शो 22, 23 और 25 अक्टूबर को आयोजित करने की योजना है, जबकि 26 अक्टूबर को वैकल्पिक दिन के रूप में रखा गया है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से तैयारियों की जानकारी ली और आयोजन से जुड़ी व्यवस्थाओं की समीक्षा की।
रिपोर्ट के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और अन्य गणमान्य व्यक्तियों के 25 अक्टूबर को होने वाले एयर शो में शामिल होने की संभावना है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को आयोजन से संबंधित तैयारियों पर ध्यान देने को कहा। इस कार्यक्रम को लेकर सुरक्षा, आयोजन स्थल और अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा की जा रही है।
योगी आदित्यनाथ के बयान में काशी के विकास के साथ नागरिक भागीदारी को भी प्रमुखता दी गई। शहर में सड़कों, सार्वजनिक स्थलों और अन्य सुविधाओं का बेहतर रखरखाव तभी संभव है, जब सरकारी प्रयासों के साथ स्थानीय लोग भी जिम्मेदारी निभाएं। स्वच्छता, यातायात अनुशासन और सार्वजनिक संपत्ति की सुरक्षा जैसे विषय शहर के दीर्घकालिक विकास के लिए महत्वपूर्ण हैं।
काशी का धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व सदियों पुराना है। आधुनिक बुनियादी ढांचे और पर्यटन सुविधाओं के विस्तार के बीच इस विरासत को सुरक्षित रखना शहर के विकास से जुड़ी प्रमुख चुनौती है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में इसी बात पर जोर देते हुए कहा कि काशी अपनी सांस्कृतिक पहचान को बनाए रखते हुए नए स्वरूप में आगे बढ़ रही है।
