6 अगस्त, 2026 : केंद्र सरकार ने जानकारी दी है कि मोहाली स्थित सेमी-कंडक्टर लेबोरेटरी (Semiconductor Laboratory – SCL) ने छात्रों द्वारा तैयार किए गए 175 चिप डिज़ाइनों का सफलतापूर्वक ‘टेप-आउट’ पूरा किया है। इसे भारत में सेमीकंडक्टर डिजाइन और नवाचार को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
सरकार के अनुसार, यह पहल छात्रों को अत्याधुनिक चिप डिजाइन तकनीक से जोड़ने और देश में स्वदेशी सेमीकंडक्टर पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत बनाने के उद्देश्य से की गई है। इस कार्यक्रम में विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों के विद्यार्थियों ने भाग लिया।
छात्रों को मिला व्यावहारिक अनुभव
अधिकारियों ने बताया कि टेप-आउट प्रक्रिया के माध्यम से छात्रों को चिप डिजाइन को वास्तविक निर्माण प्रक्रिया तक पहुंचाने का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त हुआ। इससे भविष्य के सेमीकंडक्टर इंजीनियरों और शोधकर्ताओं को नई तकनीकों पर काम करने का अवसर मिलेगा।
सेमीकंडक्टर मिशन को मिलेगा बल
केंद्र सरकार का मानना है कि इस उपलब्धि से भारत के सेमीकंडक्टर मिशन को गति मिलेगी और देश में डिजाइन एवं अनुसंधान क्षमता को मजबूती मिलेगी। साथ ही, इलेक्ट्रॉनिक्स और चिप निर्माण क्षेत्र में नवाचार को भी बढ़ावा मिलेगा।
आत्मनिर्भर भारत की दिशा में कदम
विशेषज्ञों के अनुसार, इस तरह की पहलें भारत को वैश्विक सेमीकंडक्टर उद्योग में प्रतिस्पर्धी बनाने और आत्मनिर्भर इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
