10 जुलाई 2026 : महाराष्ट्र सरकार ने वन भूमि पर बने घरों के पुनर्वास को लेकर बड़ा ऐलान किया है। विधानसभा में राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने घोषणा करते हुए कहा कि सरकार ऐसे परिवारों के पुनर्वास के लिए आवश्यक नीति और योजना पर काम कर रही है।
राजस्व मंत्री ने कहा कि वन भूमि पर लंबे समय से रह रहे पात्र परिवारों की समस्याओं को गंभीरता से लिया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य प्रभावित लोगों को राहत देना और उन्हें नियमानुसार पुनर्वास की सुविधा उपलब्ध कराना है।
उन्होंने बताया कि संबंधित विभागों के साथ मिलकर पुनर्वास की प्रक्रिया और पात्रता के मानकों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इस दौरान वन संरक्षण कानूनों और न्यायालयों के निर्देशों का भी पूरी तरह पालन किया जाएगा।
सरकार का कहना है कि पुनर्वास योजना का उद्देश्य प्रभावित परिवारों को सुरक्षित आवास और आवश्यक बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना है। इसके लिए विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर कार्य किया जाएगा।
विधानसभा में मंत्री ने यह भी कहा कि पुनर्वास की प्रक्रिया पारदर्शी होगी और केवल पात्र लाभार्थियों को ही योजना का लाभ मिलेगा। इसके लिए आवश्यक सर्वेक्षण और दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा।
इस घोषणा के बाद वन भूमि पर निवास कर रहे अनेक परिवारों को राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। हालांकि, योजना के विस्तृत दिशा-निर्देश और क्रियान्वयन की प्रक्रिया सरकार द्वारा अलग से जारी की जाएगी।
