15 जून 2026 : Arvind Kejriwal ने पंजाब में नशे की समस्या को लेकर विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि Shiromani Akali Dal, Bharatiya Janata Party और Indian National Congress की पूर्व सरकारों की नीतियों और कार्यशैली के कारण राज्य में नशे की समस्या गंभीर रूप धारण कर गई।
केजरीवाल ने कहा कि पंजाब लंबे समय से नशे की चुनौती का सामना कर रहा है और इस समस्या से युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान सरकार नशा तस्करी और संबंधित अपराधों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है।
Punjab में नशे का मुद्दा लंबे समय से राजनीतिक और सामाजिक बहस का विषय रहा है। विभिन्न राजनीतिक दल समय-समय पर एक-दूसरे पर इस समस्या को बढ़ावा देने या इसे नियंत्रित करने में विफल रहने के आरोप लगाते रहे हैं।
केजरीवाल ने सरकार की ओर से चलाए जा रहे अभियानों और कानून-व्यवस्था से जुड़े प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि नशे के नेटवर्क को तोड़ने और युवाओं को इससे बचाने के लिए लगातार कदम उठाए जा रहे हैं।
वहीं विपक्षी दलों ने ऐसे आरोपों को राजनीतिक बयानबाजी बताते हुए खारिज किया है और सरकार से नशे की समस्या पर ठोस परिणाम दिखाने की मांग की है।
पंजाब में नशे का मुद्दा सामाजिक, स्वास्थ्य और कानून-व्यवस्था से जुड़ा एक महत्वपूर्ण विषय बना हुआ है, जिस पर राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं।
