12 मई 2026 : दिल्ली सरकार की ड्राफ्ट इलेक्ट्रिक व्हीकल यानी ईवी नीति को लेकर लगभग 700 प्रतिक्रियाएं और सुझाव प्राप्त हुए हैं।
जानकारी के अनुसार नागरिकों, उद्योग संगठनों, पर्यावरण विशेषज्ञों और वाहन क्षेत्र से जुड़े विभिन्न पक्षों ने नीति पर अपने सुझाव दिए हैं।
सरकार का कहना है कि इन सुझावों का अध्ययन करने के बाद अंतिम नीति तैयार की जाएगी, ताकि इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए प्रभावी कदम उठाए जा सकें।
विशेषज्ञों का मानना है कि ईवी नीति शहरी प्रदूषण कम करने और स्वच्छ परिवहन व्यवस्था विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
ड्राफ्ट नीति में चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर, सब्सिडी, बैटरी प्रबंधन और सार्वजनिक परिवहन में इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग जैसे मुद्दों पर विशेष ध्यान दिए जाने की संभावना है।
पर्यावरण विशेषज्ञों का कहना है कि इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने से वायु प्रदूषण और जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता कम करने में मदद मिल सकती है।
सरकार अब विभिन्न हितधारकों के सुझावों के आधार पर नीति में जरूरी बदलावों पर विचार कर रही है।
कुल मिलाकर दिल्ली की ड्राफ्ट ईवी नीति पर बड़ी संख्या में मिले सुझाव यह दर्शाते हैं कि स्वच्छ और आधुनिक परिवहन को लेकर लोगों की रुचि लगातार बढ़ रही है।
