लुधियाना 27 मार्च 2026 : होटल, रेस्टोरेंट आदि द्वारा अपने ग्राहकों से जबरन एलपीजी टैक्स लेने के मामलों पर संज्ञान लेते हुए सेंट्रल कंज्यूमर प्रोटेक्शन अथॉरिटी (CCPA) ने होटल और रेस्टोरेंट द्वारा कंज्यूमर बिल में “LPG चार्ज”, “गैस सरचार्ज” और “फ्यूल कॉस्ट रिकवरी” जैसे अतिरिक्त शुल्क लगाने को गंभीरता से लिया है। इस प्रथा को कंज्यूमर प्रोटेक्शन एक्ट, 2019 के तहत गलत व्यापार का तरीका बताया गया है। ऐसा करने पर होटल, रेस्टोरेंट और फूड आउटलेट्स के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा सकती है। अथॉरिटी ने कंज्यूमर प्रोटेक्शन एक्ट 2019 की धारा 10 के तहत एक नई एडवाइजरी जारी की है।
कंज्यूमर प्रोटेक्शन अथॉरिटी ने बताया कि CCPA ने राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन (एनसीएच) पर प्राप्त शिकायतों और मीडिया रिपोर्टों के आधार पर पाया है कि कुछ होटल और रेस्टोरेंट उपभोक्ता बिल में डिफ़ॉल्ट रूप से ऐसे शुल्क लगा रहे हैं, जो मेनू में दिखाए गए खाद्य और पेय पदार्थों की कीमत और लागू करों के अलावा हैं। इस तरह की प्रथाओं से पारदर्शिता की कमी होती है और उपभोक्ताओं पर अनुचित लागत थोपी जाती है।
एलपीजी शुल्क नहीं लगेगा
“एलपीजी शुल्क” या इसी तरह के शुल्क लगाने की वर्तमान प्रथा एक अलग नामकरण अपनाकर उपरोक्त दिशानिर्देशों को दरकिनार करने का प्रयास है। CCPA ने स्पष्ट किया है कि ईंधन, एलपीजी, बिजली और अन्य परिचालन व्यय व्यवसाय चलाने की लागत का हिस्सा हैं और इन्हें मेनू आइटमों के मूल्य निर्धारण में शामिल किया जाना चाहिए। अलग-अलग अनिवार्य शुल्कों के माध्यम से ऐसी लागतों की वसूली अधिनियम की धारा 2(47) के तहत अनुचित व्यापार व्यवहार के रूप में कानूनी कार्रवाई के अंतर्गत आ सकती है।
इस प्रकार, मेनू में दिखाई गई कीमत ही अंतिम कीमत होगी, जिसमें सिर्फ लागू कर शामिल होंगे। ग्राहकों को कोई भी अतिरिक्त शुल्क देने के लिए मजबूर नहीं किया जाएगा, जो उनकी सहमति के बिना लिया गया हो।
एडवाइजरी में यह भी दोहराया गया है कि ऐसे कोई भी चार्ज, चाहे किसी भी नाम के हों, सर्विस चार्ज या अतिरिक्त फीस के रूप में लागू होंगे, और डिफ़ॉल्ट रूप से उनका लगाया जाना CCPA की 04.07.2022 की गाइडलाइंस का उल्लंघन होगा। इसके लिए कंज्यूमर प्रोटेक्शन एक्ट, 2019 के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
ग्राहक कैसे करें शिकायत
ग्राहक 1915 पर कॉल करके या एनसीएच मोबाइल ऐप के ज़रिए नेशनल कंज्यूमर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कर सकते हैं। इसके अलावा, ई-जागृति पोर्टल के माध्यम से सही कंज्यूमर कमीशन के सामने शिकायत दर्ज की जा सकती है। ग्राहक सीधे जिला कलेक्टर या सेंट्रल कंज्यूमर प्रोटेक्शन अथॉरिटी को भी शिकायत दे सकते हैं।
अधिकारियों के अनुसार, CCPA पूरे देश में ऐसे मामलों पर कड़ी नजर रख रहा है। होटल और रेस्टोरेंट द्वारा गलत या बिना अनुमति चार्ज लगाने समेत किसी भी नियम के उल्लंघन पर उचित कार्रवाई की जाएगी और कंज्यूमर के हितों की रक्षा के लिए एक्ट के तहत कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
