जालंधर/चंडीगढ़ 19 मार्च 2026 : देश में प्रशासनिक ढांचे को लेकर एक बड़ी चिंता सामने आई है। ताजा आंकड़ों के मुताबिक पूरे देश में करीब 1,300 आई.ए.एस. अधिकारियों के पद खाली पड़े हैं, जिससे शासन व्यवस्था पर सीधा असर पड़ रहा है। अधिकारियों की कमी के कारण कई महत्वपूर्ण विभागों और जिलों में कामकाज प्रभावित हो रहा है।
रिपोर्ट के अनुसार, सबसे ज्यादा असर उत्तर प्रदेश में देखा जा रहा है, जहां 652 आई.ए.एस. पदों के मुकाबले 81 पद खाली हैं। वहीं पंजाब में भी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है, जहां कुल 231 स्वीकृत पदों में से 33 पद खाली पड़े हैं। इससे प्रशासनिक कामकाज और नीतियों के क्रियान्वयन में देरी हो रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि आई.ए.एस. अधिकारियों की कमी का सीधा असर सरकारी योजनाओं, विकास कार्यों और कानून-व्यवस्था पर पड़ सकता है। कई जिलों में एक ही अधिकारी को अतिरिक्त जिम्मेदारियां दी जा रही हैं, जिससे कार्यभार बढ़ रहा है और फैसले लेने में देरी हो रही है।
सरकारी स्तर पर इस समस्या को दूर करने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। संघ लोक सेवा आयोग (यू.पी.एस.सी.)के माध्यम से नियमित भर्ती के बावजूद बढ़ती जरूरत और रिटायरमैंट के कारण यह अंतर बना हुआ है। आने वाले समय में इस कमी को पूरा करना सरकार के लिए बड़ी चुनौती माना जा रहा है।
