अमृतसर 15 जनवरी 2026 : पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की श्री अकाल तख़्त साहिब में पेशी को लेकर बना सस्पेंस अब खत्म हो गया है। जानकारी के अनुसार मुख्यमंत्री मान अब दोपहर 12 बजे श्री अकाल तख़्त साहिब के समक्ष पेश होंगे। इससे पहले उनकी पेशी को लेकर अलग-अलग समय की चर्चाएं चल रही थीं। कहीं कहा जा रहा था कि मुख्यमंत्री सुबह 10 बजे पहुंचेंगे, जबकि दूसरी ओर यह भी चर्चा थी कि जत्थेदार द्वारा उन्हें शाम 4 बजे बुलाया गया है।
पेशी से पहले जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज मुख्यमंत्री मान से मुलाकात करेंगे। इसके बाद मुख्यमंत्री पंथक कचहरी में अपना स्पष्टीकरण पेश करेंगे। मुख्यमंत्री मान एक आम सिख के रूप में नंगे पांव श्री अकाल तख़्त साहिब पहुंचेंगे। उन्होंने यह भी आग्रह किया है कि इस मामले में होने वाली पूरी पूछताछ की प्रक्रिया का सीधा प्रसारण किया जाए, ताकि संगत तक हर बात पारदर्शी तरीके से पहुंच सके।
जानें पूरा मामला
गोलक से जुड़े एक बयान को लेकर श्री अकाल तख़्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज्ज ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को तलब किया है। यह विवाद उस समय शुरू हुआ था जब पंजाबी गायक जसबीर जस्सी द्वारा शबद गायन पर जत्थेदार ने आपत्ति जताई थी। जत्थेदार का कहना था कि जस्सी पूर्ण सिख नहीं हैं, इसलिए वे शबद नहीं गा सकते।
इस पर मुख्यमंत्री मान ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि यदि ऐसा है, तो पतित सिखों को मत्था टेकने और गोलक में पैसे डालने से भी रोका जाना चाहिए। मुख्यमंत्री के इस बयान के बाद अकाल तख़्त साहिब ने नाराज़गी जताई और इसे गुरु की गोलक तथा दसवंध के सिद्धांत से जुड़ा संवेदनशील मामला बताया। इसके अलावा जत्थेदार ने बरगाड़ी बेअदबी और मौड़ बम धमाके के मामलों में कार्रवाई न होने पर भी नाराज़गी जाहिर की। सूत्रों के अनुसार हाल ही में मुख्यमंत्री मान ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के पावन स्वरूपों के गायब होने के मामलों को लेकर SGPC और अकाली दल पर भी सवाल उठाए थे, जिससे यह विवाद और गहरा गया।
