• Wed. Jan 28th, 2026

बरेली हिंसा के बाद कार्रवाई, 27 घरों पर चलेगा बुलडोजर

बरेली 11 अक्टूबर 2025 उत्तर प्रदेश के बरेली में हाल ही में हुए बवाल के बाद नगर निगम ने अतिक्रमणकारियों के खिलाफ सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। वर्षों से लंबित पड़ी शिकायतों पर अब तेजी से कार्रवाई शुरू हो गई है। वार्ड-54 भूड में नगर निगम की जमीन पर अवैध रूप से बने 27 मकानों के खिलाफ निगम प्रशासन ने बड़ा कदम उठाते हुए नोटिस जारी कर दिए हैं। इन नोटिसों के चस्पा होते ही क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। 

अवैध रूप से बनाए गए मकान 
नगर निगम एक्सईएन राजीव कुमार राठी ने बताया कि संबंधित भूमि निगम की सरकारी संपत्ति है, जिस पर कब्जेदारों द्वारा अवैध रूप से मकान बनाए गए हैं। इस संबंध में सभी 27 अतिक्रमणकारियों (घर बनवाकर रहने वाले) को नोटिस जारी किए गए हैं, जिनमें स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे नोटिस जारी होने की तिथि से 15 दिनों के भीतर स्वयं कब्जा हटाकर इसकी लिखित सूचना नगर निगम कार्यालय को दें। वार्ड-54 भूड स्थित प्राथमिक विद्यालय शाहबाद कोहाड़ापीर पास विद्युत उपकेंद्र से जुड़ी भूमि का है। इस भूमि पर नगर निगम बरेली की स्वामित्व वाली संपत्ति होने के बावजूद कुछ लोगों ने कब्जा कर पक्के मकान और दुकानें बना ली थीं।

2004 में दी गई थी सूचना 
निगम प्रशासन ने इस अवैध कब्जे की स्थलीय और अभिलेखीय जांच में यह स्पष्ट हुआ कि जमीन पर अतिक्रमण कर निर्माण कार्य किया गया है। उन्होंने कहा कि निर्धारित समय सीमा में कब्जा न हटाने की स्थिति में नगर निगम स्वयं अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करेगा। इसके साथ ही संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध पुलिस थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी। लंबे समय से कब्जे की शिकायत करने वाले स्थानीय लोग निगम की कार्रवाई से संतुष्ट नजर आ रहे हैं। क्षेत्रीय पार्षद भाजपा नेता शालिनी जौहरी ने बताया कि नगर निगम की जमीन पर कब्जा होने की सूचना उन्होंने 2004 में ही दे दी थी। उस समय नगर निगम की बोर्ड बैठक में इस मुद्दे को उठाया था, लेकिन हमारी शिकायत पर कोई अमल नहीं किया गया। उस समय मानचित्रकार शमसुल हसन ने इसको गैर सरकारी जमीन बता दिया था। यह सभी अतिक्रमण कर घर बनाने वाले मौलाना तौकीर रजा का झंडा बुलंद करने वाले हैं। शालिनी जौहरी बतातीं है कि इस बार भी हमने बोर्ड बैठक में इस जमीन पर कब्जे की शिकायत की थी। पार्षद ने बताया कि 26 सितंबर को जो बवाल बरेली में हुआ इसके बाद नगर निगम सख्त हुआ है। 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *